नामी शिक्षण संस्थानों में प्रवेश लेने और प्रतियोगी परीक्षाओं की कोचिंग के लिए अब प्रदेश के युवाओं के आड़े धन की कमी नहीं आएगी। वीरवार से प्रदेश में सबल भारत छात्रवृत्ति योजना शुरू हो गई है। शिक्षा मंत्री सुरेश भारद्वाज ने वीरवार सुबह सचिवालय में आयोजित कार्यक्रम के दौरान योजना की लांचिंग की।
योजना को शुरू करने वाला हिमाचल देश का 15वां राज्य बन गया है। इस योजना का लाभ उठाने के लिए एक राष्ट्रीय स्तर की परीक्षा देनी होगी। परीक्षा में 40 फीसदी तक अंक लाने वालों को उनकी मेरिट के आधार पर छात्रवृत्ति के तौर पर फीस, रहने और खाने-पीने का खर्च दिया जाएगा।
शुक्रवार से परीक्षा देने के लिए पंजीकरण शुरू होगा। परीक्षा में भाग लेने के लिए वेबसाइट sabalbharat.in पर ऑनलाइन पंजीकरण होगा। परीक्षा के लिए किसी भी डिग्री या कोर्स में प्रवेश लेने के इच्छुक विद्यार्थी पंजीकरण करवा सकते हैं।
इसके लिए कोई भी न्यूनतम आयु की सीमा नहीं रखी गई है, अधिकतम आयु 45 वर्ष रखी गई है। सबल भारत छात्रवृत्ति योजना का लाभ लेकर विद्यार्थी देश के किसी भी नामी शिक्षण संस्थान में प्रवेश पा सकेंगे।
यह छात्रवृत्ति ने केवल उच्च शिक्षा, बल्कि प्रतियोगी परीक्षा और खेल प्रशिक्षण के लिए भी मिलेगी। हिमाचल में सबल भारत योजना की मानीटरिंग का जिम्मा प्रोजेक्ट मॉनीटरिंग एंड न्यू इनेशेटिव कमेटी को दिया गया है।
केंद्र सरकार के सूक्ष्म लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय द्वारा योजना के लिए बजट मुहैया करवाएगा जाएगा। योजना के तहत मौजूदा वित्तीय वर्ष में 15 करोड़ खर्च किए जाएंगे। प्रारंभिक स्तर से लेकर उच्च शिक्षा और व्यवसायिक शिक्षा के लिए इस योजना के तहत छात्रवृत्ति दी जाएगी।