वहीं, बजट सत्र में राज्यपाल के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान सत्ता पक्ष ने सरकार की नीतियों और कार्यक्रमों को जमकर सराहा। विपक्ष के सदस्यों ने सरकार के कार्यकाल को विफल करार देकर प्रस्ताव का विरोध किया। राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा सोमवार दोपहर दो बजे के बाद भी जारी रहेगी। भाजपा विधायक किशोरीलाल ने राज्यपाल के अभिभाषण पर लाए धन्यवाद प्रस्ताव का समर्थन किया।
कहा कि मुख्यमंत्री जयराम के नेतृत्व में प्रदेश में खूब विकास किया गया है। कांग्रेस ने सिर्फ गुमराह करने का काम किया है। जल जीवन मिशन की 60 करोड़ की योजनाएं उनके आनी क्षेत्र में शुरू की गई हैं। सिंचाई की 7 स्कीमों के लिए 40 करोड़ आ चुके हैं। जनमंच से कांग्रेस के मित्र परेशान हैं। अब 5 पंचायतों में जनमंच होना है। पच्छाद की विधायक लीना कश्यप ने कहा कि सरकार की कई कल्याणकारी योजनाओं का लाभ आम जनता को मिला है। उन्होंने प्रस्ताव का समर्थन किया।
नालागढ़ के विधायक लखविंद्र राणा ने कहा कि सरकार होमगार्डों के लिए स्थायी नीति तैयार करे। सुप्रीम कोर्ट के फैसले से राममंदिर निर्माण होगा। इसका स्वागत करते हैं। धारा 370 के बाद उत्पन्न स्थिति से निपटना केंद्र सरकार का दायित्व है। बागवानी में उपदान सिर्फ अमीरों को मिल रहाहै, इसकी जांच की जाए। नशे को रोका जाना जरूरी है। नंबरदारों की सेवाएं नशा रोकने के लिए ली जाएं। इन्हें बसों में मुफ्त यात्रा सुविधा दी जाए।
विधायक जिया लाल ने कहा कि कोई भी संस्थान खोलने के लिए भवन और धन की जरूरत होती है। कई पदों को भरा गया है।
मोहन लाल ब्राक्टा ने कहा कि डॉक्टरों और शिक्षकों के पद खाली हैं। पूर्व कांग्रेस सरकार ने पूरे प्रदेश में विकास कार्य कराए। वर्तमान सरकार उनका उद्घाटन कर रही है। सीमा कॉलेज में प्रशासनिक भवन का शिलान्यास किया गया। भवन की उद्घाटन पट्टिका में शिक्षा मंत्री का नाम तो ठीक है, लेकिन सांसद वीरेंद्र का नाम क्यों लिखा गया। उनका इस भवन के निर्माण में कोई योगदान नहीं है। रोहड़ू में बिजली उपभोक्ताओं को आठ माह से बिजली बिल नहीं दिए गए। उपभोक्ता मीटर रीडिंग लेकर जाते हैं तो उन्हें कहते हैं कि रीडिंग गलत है।