जिला कांगड़ा के लोग इतने भी कमजोर नहीं हैं कि 30 करोड़ जमा न करवा पाएं। इसलिए प्रदेश सरकार को हिमाचल प्रदेश केंद्रीय विश्वविद्यालय के जदरांगल में बनने वाले कैंपस के लिए पैसे जमा करवाने का कुछ वक्त देना चाहिए। यह बात हिमाचल प्रदेश केंद्रीय विश्वविद्यालय संदर्भ हैश टैग 30 करोड़ के विचार मंथन के दौरान वक्ता सुभाष शर्मा ने कही। इस दौरान मौजूद अन्य वक्ताओं ने यहां तक कह दिया कि धर्मशाला से बने किसी भी मंत्री और विधायक ने हिमाचल प्रदेश केंद्रीय विश्वविद्यालय के धर्मशाला में निर्माण के लिए रुचि नहीं दिखाई है। इससे पहले कार्यक्रम की अध्यक्षता शिक्षाविद डाॅ. विजय शर्मा ने की। कार्यक्रम का मंच संचालन ऋषि राम भाटिया और धन्यवाद सेवानिवृत्त प्रिंसिपल संसार मित्र ने किया।
जनता के आह्वान पर पूर्व विधायक विशाल नैहरिया और भाजपा संगठन के प्रवक्ता संजय शर्मा भी इस दौरान मौजूद रहे। कार्यक्रम में वक्ताओं ने इस बात पर मंथन किया कि यदि 30 करोड़ रुपये प्रदेश सरकार जमा नहीं करवाती है, तो विकल्प क्या है। साथ ही प्रदेश की राजनीतिक पार्टी हिमाचल जनक्रांति के अध्यक्ष सुभाष शर्मा ने सरकार से एक प्रतिनिधिमंडल के माध्यम से मिलकर वर्तमान परिदृश्य को स्पष्ट करने की बात की। सभी ने फैसला लिया कि अब इस लड़ाई के लिए जनता को आगे आना होगा, क्योंकि धर्मशाला कमजोर नेतृत्व के कारण विकास की दृष्टि से पिछड़ रहा है इसलिए इसे दूर करने के लिए जनता को एक संयुक्त मोर्चे पर संघर्ष करना होगा।
इस दौरान एक वक्ता ने कहा कि धर्मशाला में शिक्षा विभाग के पास इतनी जमीन थी कि इस पर एक नहीं दो-दो विश्वविद्यालय बनाए जा सकते थे लेकिन इसे किसी और ही मकसद से दे दिया गया। वक्ता का यह इशारा एचपीसीए स्टेडियम की ओर था। यह बात वहां मौजूद अन्य वक्ता को अखर गई। उन्होंने कहा कि आज धर्मशाला की पहचान अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम की बदौलत ही है।
ये रहे मौजूद
कार्यक्रम में उप महापौर तेजेंद्र कौर, प्रधान जदरांगल बल्ला रीता देवी, उपप्रधान सुनील दत्त, रोटरी क्लब, लायंस क्लब, जन चेतना, व्यापार मंडल, जनक्रांति, पेंशनर्ज वेलफेयर एसोसिएशन, सेवानिवृत्त महाविद्यालय प्राचार्य एसोसिएशन, जदरांगल संघर्ष समिति, रेहड़ी-फड़ी यूनियन आदि संस्थाओं के पदाधिकारियों ने भाग लिया। इसमें मुख्य रूप से महेश, नितिन, डीके कपूर, सुरेंद्र, रमेश, अभिषेक, कैलाश वालिया, रमेश भट्ट, डीसी पद्दर, सुभाष, संसार मित्र, वाईके डोगरा, बीके कौल, डाॅ. अजय लखनपाल, प्रभात शर्मा, अनिल डोगरा, सत्यपाल सूद, विजय भारद्वाज, अश्वनी कौल, मूल राज शर्मा, सुनील धीमान, मुनीष लूथरा, एसडीओ अनिल शर्मा, सीके खौंसला, रवि डोगरा, मनमोहन सिंह पठानिया, श्रुति पाल शर्मा और अतुल भारद्वाज सहित अन्यों ने भाग लिया।