मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने 19 जुलाई से 23 जुलाई तक हिमाचल प्रदेश में सक्रिय मानसून का अनुमान लगाया है, जिसमें 20-22 जुलाई 2026 के दौरान सबसे ज्यादा बारिश होने की संभावना है। कई जिलों के लिए ऑरेंज और रेड अलर्ट जारी किए गए हैं। इन क्षेत्रों में भारी से बहुत भारी बारिश, अचानक बाढ़, भूस्खलन, बादल फटने और जरूरी सेवाओं में रुकावट की आशंका है।
इसे देखते हुए सभी डीसी, डीडीएमए चेयरपर्सन और विभागों के प्रमुखों को राज्य आपदा प्रबंधन प्रकोष्ठ की ओर से तैयारी और प्रतिक्रिया के उपाय को लेकर विस्तृत निर्देश जारी किए गए हैं। राज्य आपदा प्रबंधन प्रकोष्ठ ने चेतावनी की अवधि के दौरान सभी विभागों को हाई अलर्ट पर रहने को कहा है।
विभाग किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई सुनिश्चित करेंगे और राज्य आपातकालीन संचालन केंद्र को नियमित रूप से स्थिति की रिपोर्ट सौंपेंगे। मौसम की स्थिति जिला प्रशासन से सलाह-मशविरा करके शिक्षण संस्थानों पर फैसला लिया जाएगा। एचआरटीसी और ट्रांसपोर्ट ऑपरेटरों को सलाह दी गई है कि भारी बारिश के दौरान जोखिम वाले रास्तों पर जाने से बचें। दूर-दराज और संवेदनशील इलाकों में जरूरी चीजों का पर्याप्त स्टॉक बनाए रखें।