शिमला। अदालत ने व्यवसाय के नाम पर आर्थिक मदद लेकर पैसे वापस न लौटाने के मामले में फैसला सुनाते हुए वादी के पक्ष में रिकवरी सूट डिक्री कर दिया है। सिविल जज शिमला रश्मि डोगरा की अदालत ने मुकेंदर सिंह को संदीप के 1.80 लाख रुपये लौटाने के आदेश दिए हैं। अदालत ने प्रतिवादी मिकी कम्युनिकेशन के प्रोप्राइटर मुकेंदर सिंह को आदेश दिए हैं कि वह दावा दायर करने की तिथि से पूरी वसूली तक इस मूल राशि का भुगतान छह प्रतिशत वार्षिक ब्याज सहित करे। अदालत में पेश मामले के अनुसार संजौली स्थित हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी निवासी संदीप और हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी संजौली (मूल निवासी तहसील ठियोग) के मुकेंदर सिंह आपस में परिचित थे। मुकेंदर ने संदीप से 1.80 लाख रुपये उधार लिए थे। इस राशि चुकाने के एवज में मुकेंदर सिंह ने संदीप को 90-90 हजार रुपये के दो चेक जारी किए थे। संदीप ने जब इन चेकों को बैंक में भुगतान के लिए लगाया तो बाउंस हो गए थे। संवाद