दसवीं के बाद इंजीनियरिंग में डिप्लोमा करने वाले युवा कनिष्ठ अभियंता (जेई) बन सकेंगे। प्रदेश सरकार ने जेई पद के लिए जमा दो शैक्षणिक योग्यता की शर्त हटा दी है।
हिमाचल में दसवीं के बाद इंजीनियरिंग में डिप्लोमा करने वाले युवा कनिष्ठ अभियंता (जेई) बन सकेंगे। प्रदेश सरकार ने जेई पद के लिए जमा दो शैक्षणिक योग्यता की शर्त हटा दी है।
वर्ष 2012 में जेई के पदों पर भर्ती के लिए बारहवीं पास की शर्त लागू कर दी गई थी। तर्क दिया गया कि कई राज्यों में जेई पदों पर भर्ती के लिए 12वीं पास व इंजीनियरिंग में तीन वर्षीय डिप्लोमा की अनिवार्यता है।
हिमाचल में दसवीं पास व इंजीनियरिंग में तीन वर्षीय डिप्लोमा की अनिवार्यता थी। वर्ष 2012 में भर्ती एवं पदोन्नति नियमों में संशोधन करते हुए इसके लिए जमा दो पास और तीन वर्षीय डिप्लोमा न्यूनतम योग्यता कर दी गई।
इससे दसवीं के बाद इंजीनियरिंग करने वालों के लिए जेई के पदों पर भर्ती के रास्ते बंद हो गए। हिमाचल में दसवीं के बाद बहु तकनीकी कॉलेजों में दाखिला मिलता है। इसीलिए अब 2012 के नियम निरस्त कर दिए हैं।
लोनिवि के इंजीनियर इन चीफ एनके शर्मा ने बताया कि इसकी अधिसूचना जारी कर दी है। सरकार ने जेई पद के लिए 12वीं की शर्त हटाई है।