आरोपी .. भद्दी गालियों के साथ बात की शुरूआत करता है ........ चोरियां की हमने बोला किसी के पास ..तेरा बाप हमारे ऊपर केस कर रहा है, हें गेंढे तू तो जीना छड़ दे न तू तो छोड़ ये ख्वाब... पर अपने बाप को भी ये बोल देना न तू आजा बोलना ऊपर
दूसरी तरफ से.... कहां?
आरोपी ...यहां बे घर और कहां, थाने में जाना न और हमारे को करना अंदर उसको बोलना ढंग से करना ..हम जाएंगे अंदर, तेरे मर्डर में, तेरे बाप के अटेंपट टू मर्डर में जाएंगे अंदर, क्योंकि मर्डर केस कर रहा है हमारे ऊपर ...पंडितों अभी कहां देखे तुमने राजपूत.... तुम्हारा जीना नहीं किया अगर मुश्किल तो मैं एक बाप की औलाद नहीं, सांस लेना तक मुश्किल कर दूंगा तुम्हारा ...घुस रही है दिमाग में बात की नहीं घुस रही है..
पीड़ित परिवार का आरोप : ओएसडी का भांजा भी आरोपी
पीड़ित की पत्नी साधना शर्मा ने कहा कि 12 मई को उसके पति राजेंद्र शर्मा दुकान से लौट रहे थे। आरोपियों ने उन्हें कार से टक्कर मारकर स्कूटर से नीचे गिराया। इस पर राजेंद्र शर्मा ने आरोपियों को समझाया और घर की तरफ चल पड़े लेकिन आरोपियों ने कार आगे से मोड़ी और पीछे आ गए।
मारपीट करने के बाद धक्का देकर सीढ़ियों से घर के आंगन में गिरा दिया। आंगन में आकर फिर से मारपीट शुरू कर दी। मारपीट में सीएम के ओएसडी का भांजा भी था। कुमारसैन पुलिस की तरफ से भी हमें कोई सहयोग नहीं मिला। राजनीतिक दबाव की वजह से चारों आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया गया। हमें प्रताड़ित किया जा रहा है और भविष्य में इन युवकों से खौफ है। पुलिस प्रशासन से मांग है कि चारों आरोपियों को जल्द गिरफ्तार किया जाए।
कुमारसैन थाना में दर्ज हुई एफआईआर: एसपी
पुलिस अधीक्षक ओमापति जमवाल ने कहा कि इस मामले में थाना कुमारसैन में एफआईआर दर्ज की गई है। अगर अभी भी आरोपी पीड़ित परिवार को धमकी दे रहे हैं तो वह इसकी शिकायत पुलिस से करें। आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
कुमारसैन के लाठी गांव में मारपीट में जख्मी राजेंद्र शर्मा बीपीएल परिवार से संबंध रखता है। ऑपरेशन में अब तक करीब डेढ़ लाख रुपये खर्चा आ चुका है। आगे के इलाज के लिए गरीब परिवार के हाथ खड़े हो गए हैं। परिवार पूरी तरह से कर्जे में डूब चुका है। घायल की पत्नी ने आरोप लगाया है कि मामले में राजनीतिक दबाव है। पुलिस भी आरोपियों को गिरफ्तार नहीं कर पाई है।
साधना शर्मा ने बताया कि बारह मई की दोपहर को यह घटना हुई थी। देर रात सिविल अस्पताल कुमारसैन से आईजीएमसी रेफर किया। इमरजेंसी में आने पर डॉक्टरों ने कह दिया कि इनका ऑपरेशन होगा। राजेंद्र शर्मा की पत्नी का कहना है कि कर्जा लेकर ऑपरेशन करवाया है।
महिला का कहना है कि इस घटना का सबसे ज्यादा असर बेटे पर पड़ा है। बेटा दिव्यांग है और चलने फिरने में असमर्थ है। पिता ही बेटे का पूरा ख्याल रखते हैं। उसे स्कूल से लाना और छोड़ने की सारी जिम्मेदारी उन्हीं के कंधों पर है। अब बेटे की जिम्मेवारी उसके दादा संभाल रहे हैं। बुजुर्ग होने के कारण बेटे का सही तरीके से ख्याल रख पाना संभव नहीं है।