किसानों और बागवानों को अब पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल और डीजल देने से इन्कार नहीं किया जाएगा। उन्हें अब प्रतिदिन 200 लीटर पेट्रोल या डीजल मिलेगा। सरकार के जारी आदेशों में यह स्पष्ट किया गया है कि किसानों-बागवानों व उद्योगों को पेट्रोल या डीजल देने से इन्कार नहीं किया जाएगा। हालांकि, इसके लिए उन्हें मेटल (लोहे) का कंटेनर ले जाना होगा। इस कंटेनर में किसान 200 लीटर तक पेट्रोल ले सकेंगे। सभी जिला खाद्य आपूर्ति नियंत्रक इस पर निगरानी भी रखेंगे कि पेट्रोल या डीजल देने से कोई पेट्रोल पंप संचालक इन्कार न करें यदि ऐसा होता है तो उस पर नियमों के तहत कार्रवाई की जाएगी। इससे पहले प्रदेशभर में किसानों-बागवानों व उद्योगपतियों को पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल-डीजल न मिलने से परेशानी खड़ी हो गई थी। किसानी-बागवानी में ज्यादातर उपकरण पेट्रोल से चलते हैं, वहीं कंपनियों में भी कई महंगी मशीनें पेट्रोल या डीजल से ही चलाई जाती हैं। यह उपकरण पेट्रोल पंपों तक नहीं ला सकते, ऐसे में पेट्रोल बोतलों में भरकर दिया जाता था।