उनका राजनीतिक भविष्य सालों पहले शुरू हुआ था। वे लगातार चलते हुए यहां तक पहुंचे हैं। आगे बढ़ने के लिए संघर्ष करते रहना जरूरी है। उन्होंने कहा कि शैक्षणिक संस्थानों में नशाखोरी एक बड़ा विषय बन गया है।
सरकार नशे के सौदागरों को किसी भी सूरत में बख्शेगी नहीं। नशे के खिलाफ सरकार मुहिम चला रही है। इसमें शैैक्षणिक संस्थानों की अहम भूमिका रहेगी। उन्होंने पाइनग्रोव स्कूल प्रबंधन से भी मुहिम में सरकार का साथ देने का आह्वान किया।
कहा कि जीवन के सबसे महत्वपूर्ण क्षण छात्र जीवन में प्राप्त होते हैं। उन्होंने छात्रों से आग्रह किया कि वे अपने इस समय का सदुपयोग करें और लक्ष्य निर्धारित कर आगे बढ़ें। छात्रों को सदैव अपने अध्यापकों के योगदान को स्मरण रखना होगा और विद्यालय में सिखाई बातों को जीवन में उतारना होगा।