मौसम सामान्य होने पर देश-विदेश के सैलानी देश के सबसे लंबे (1026 किमी) लेह-दिल्ली रूट पर निजी वाहनों में सफर कर रहे हैं। मौसम को देखते हुए यात्रियों को लाहौल-स्पीति प्रशासन की ओर से निर्धारित समय का पालन करना होगा। लाहौल छोर से दारचा से सरचू लेह के लिए सुबह 8:00 बजे से 11:00 बजे के बीच वाहनों के जाने का समय तय किया गया है। जबकि हिमाचल सीमा सरचू से दारचा-केलांग-मनाली की तरफ सुबह 11:00 से 2:00 बजे तक वाहनों को जाने की अनुमति दी जाएगी।
उसके उपरांत किसी भी वाहन को दारचा-सरचू-लेह के वीच आवाजाही की अनुमति नहीं होगी। लाहौल-स्पीति प्रशासन ने सर्दी के मौसम को देखते हुए यह समयसारिणी निर्धारित की है। हालांकि यात्रियों की सुरक्षा को दारचा में पुलिस की जांच चौकी स्थापित है। मगर सरचू की पुलिस चौकी को 16 सितंबर को हटा दिया गया है। समुद्रतल से 16,500 फीट ऊंचे बारालाचा, 15,547 फीट नकिल्ला, 17,480 फीट तंगलांगला और 16,616 फीट ऊंचे लाचुंग दर्रे के रास्ते अभी भी सड़क लेह तक यातायात के लिए बहाल है। लाहौल-स्पीति प्रशासन हर दिन लोगों की सुविधा के लिए अपडेट कर रहा है।
जिला प्रशासन के अनुसार मनाली-सरचू मार्ग दारचा से सरचू तक वाहनों की आवाजाही के लिए बहाल है। जबकि ग्रांफू-काजा-समदो हाईवे 505 मार्ग सभी प्रकार के वाहनों की आवाजाही के लिए खुला है। दारचा- शिंकुला और तांदी-तिंदी-किलाड़-संसारीनाला मार्ग भी खुला है। उपायुक्त लाहौल- स्पीति राहुल कुमार ने बताया कि मनाली-लेह सड़क पर मौसम को देखते ही सफर करें। कहा कि मौसम खराब होते ही यहां हाईवे बर्फ से बंद हो जाता है।