नवनियुक्त प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कुलदीप राठौर ने पूर्व प्रदेशाध्यक्ष सुखविंद्र सुक्खू के करीबी सुजानपुर ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष राजेंद्र वर्मा को नियुक्ति से एक वर्ष के भीतर ही पद से हटा दिया है। उनकी जगह मनीष गुप्ता को सुजानपुर ब्लॉक कांग्रेस का अध्यक्ष बनाया गया है।
राजेंद्र वर्मा पर स्थानीय विधायक राजेंद्र राणा के खिलाफ सार्वजनिक मंच पर टिप्पणी करने का आरोप है। विधानसभा चुनाव के बाद ही पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सुखविंद्र सुक्खू ने राजेंद्र वर्मा को सुजानपुर ब्लॉक अध्यक्ष नियुक्त किया था।
इससे पहले पूर्व सीपीएस अनीता वर्मा समर्थक कुलदीप सिंह बेदी को अध्यक्ष बनाया गया था, लेकिन विस चुनाव में पार्टी विरोधी गतिविधियों के चलते प्रदेश कांग्रेस अनुशासन समिति ने चुनाव के तत्काल बाद बेदी को पद से हटाया था। उनकी जगह सुक्खू समर्थक राजेंद्र वर्मा को ब्लॉक अध्यक्ष की कमान सौंपी गई।
ब्लॉक अध्यक्ष पद संभालने के बाद ही जब पूर्व सुक्खू का सुजानपुर हलके का पहला दौरा हुआ, उसी दौरान विधायक राजेंद्र राणा और सुक्खू समर्थकों में टकराव शुरू हो गया। कभी भी राजेंद्र राणा और ब्लॉक अध्यक्ष राजेंद्र वर्मा एक मंच पर नहीं दिखे। इससे पूर्व पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह के कार्यक्रमों में भी ब्लॉक अध्यक्ष की उपस्थिति नजर नहीं आई। माना जा रहा है कि जिले में कुछ और पदाधिकारियों की छुट्टी भी होने वाली है।
झूठी शिकायतों पर कार्यकाल पूरा होने से पूर्व ही पद मुक्त किया : वर्मा
राजेंद्र वर्मा ने कहा कि सुजानपुर से कुछ लोगों को तो इसलिए पद मुक्त किया गया है कि उन्होंने संगठन में अनुशासनहीनता की थी, लेकिन मैंने कोई अनुशासनहीनता नहीं की है। पार्टी में अनुशासनहीनता करने वालों की झूठी शिकायतों पर मेरा कार्यकाल पूर्ण होने से पूर्व ही पद मुक्त कर दिया गया है।
वह विधायक राजेंद्र राणा की ओर से संगठन के समांतर उनकी संस्था की गतिविधियां चलाने की खिलाफत कर बैठे थे। वह आज भी पार्टी संगठन के समांतर चल रही संस्था की नुकसानदेह गतिविधियों का विरोध करते हैं। इनसे सुजानपुर में कांग्रेस कमजोर होती जा रही है।