किशन कपूर का राजनीतिक सफर-
1970 जनसंघ के सदस्य बने
1980 भाजपा के गठन में भाग लिया और सक्रिय सदस्य बने।
1985 धर्मशाला निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा उम्मीदवार के रूप में पहला विधायक चुनाव लड़ा लेकिन हार गए।
1990 में धर्मशाला निर्वाचन क्षेत्र से पहली बार भाजपा से विधायक चुने गए।
1993 धर्मशाला से दूसरी बार जीते और विधानसभा पहुंचे।
1998 धर्मशाला निर्वाचन क्षेत्र से तीसरी बार जीत हासिल की
1998 परिवहन, जनजातीय विकास, मुद्रण एवं स्टेशनरी तथा कानून मंत्री के रूप में शपथ ली
2003 धर्मशाला से चुनाव लड़ा और कांग्रेस प्रत्याशी चंद्रेश कुमारी से चुनाव हार गये
2004 प्रदेश प्रवक्ता भाजपा हिमाचल प्रदेश नियुक्त
2007 में कांग्रेस प्रत्याशी चंद्रेश कुमारी को हरा कर कपूर चौथी बार धर्मशाला से विधायक चुने गए।
2008 परिवहन, शहरी विकास, आवास और नगर एवं देश नियोजन मंत्री के रूप में शपथ ली
2009 पोर्टफोलियो उद्योग, श्रम और रोजगार और सैनिक कल्याण मंत्रालयों में बदल गए
2012 में धर्मशाला से चुनाव लड़ा और कांग्रेस प्रत्याशी सुधीर शर्मा से चुनाव हार गये
2017 में धर्मशाला निर्वाचन क्षेत्र से पांचवीं बार जीत हासिल की, इस चुनाव में कांग्रेस के सुधीर शर्मा हारे।
2017 में खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले तथा चुनाव मंत्री के रूप में शपथ ली
2019 में पूरे देश में सर्वाधिक मतदान 72.2 प्रतिशत के रिकॉर्ड अंतर के साथ पहली बार कांगड़ा संसदीय क्षेत्र से संसद सदस्य के रूप में चुने गए।