किसान निधि फर्जीवाड़े में अब जिला प्रशासन ने रिकवरी करने के लिए कमर कस ली है। प्रशासन ने किसानों के हक का पैसा खाने वाले सरकारी कर्मियों की तहसील स्तर पर सूची बनाई है। दो करोड़ 52 लाख चार हजार रुपये में से जिला प्रशासन ने 14 लाख 22 हजार की रिकवरी भी कर ली है। अन्य कर्मियों से भी रिकवरी करने की तैयारी है। अभी तक कांगड़ा जिले में 128 सरकारी कर्मियों और करदाताओं ने राशि का भुगतान कर दिया है। इनमें 128 लोगों ने 676 किस्तों के 14 लाख 22 हजार रुपये प्रशासन के पास जमा करवाए हैं। रिकवरी के मामले में बैजनाथ तहसील सबसे आगे है। यहां अभी तक 36 सरकारी कर्मियोें और करदाताओं ने 195 किस्तों के चार लाख 60 हजार रुपये जमा करवाए हैं। कुछ तहसील ऐसी भी हैं, जिन्होंने अभी तक एक भी किस्त का भुगतान नहीं किया है।