चंडीगढ़-मनाली हाईवे पर स्थानीय लोगों और पर्यटकों को एक बार फिर परेशानियों का सामना करना पड़ा। करीब नौ घंटे से अधिक हाईवे जाम रहा। इस कारण सेब और सब्जी के लदे ट्रक भी शनिवार सुबह सब्जी मंडियों में नहीं पहुंच पाए। जबकि कुल्लू-मनाली आने वाले सैलानियों के अलावा आम लोगों को भी परेशानियों से दो चार होना पड़ा।
लोगों को मजबूरी में स्वारघाट से बिलासपुर की तरफ जाने वाले वाहनों में बसों व टैक्सियों को पंजपीरी से जकातखाना वाया बनेर होकर कई किमी अधिक दूरी तय कर जाना पड़ा। सबसे ज्यादा परेशानी स्कूली बच्चों व कर्मचारियों को उठानी पड़ी है। बताया जा रहा है कि शुक्रवार आधी रात के बाद करीब दो बजे से चंडीगढ़-मनाली नेशनल हाईवे पर गंभर पुल से लेकर स्वारघाट तक यातायात जाम रहा है।
इस कारण रात से सुबह 10 बजे तक बसें व वाहन जाम में फंसे रहे। इसकी वजह हाईवे पर ट्रक खराब होना बताया जा रहा है। क्षेत्र के प्रबुद्ध वरिष्ठ नागरिक व बीडीसी के पूर्व चेयरमैन राम मूर्ति धर्माणी ने पुलिस की लचर व लापरवाह यातायात व्यवस्था पर भी सवाल उठाया है। कहा कि रोज जाम लग रहा है लेकिन पुलिस गंभीर नहीं है।
स्वारघाट पुलिस को अगर कोई फोन का जाम लगने की सूचना देता है तो थाना प्रभारी भड़क उठते हैं। आगे से जवाब आता है कि फोन करने वाले खुद रोड बहाल कर दें। जाम लगने की सूचना जब थाना प्रभारी को मीडिया कर्मचारियों की ओर से दी जाती है तो कहते हैं मीडिया वाले ही जाकर जाम खोल दें।