एलएलएम की नॉन सब्सिडाइज्ड सीटों को सब्सिजाइज्ड में बदलने को भी विवि की कार्यकारिणी परिषद की हुई बैठक में स्वीकृति दी गई। डिपार्टमेंट काउंसिल की सिफारिशें स्वीकार कर ली गई हैं। ईसी के फैसले से विवि के विधि विभाग में एलएलएम की डिग्री में सब्सिडाइज्ड श्रेणी में और अधिक छात्र प्रवेश ले सकेंगे। हालांकि, अभी यह स्थिति साफ नहीं की है कि विभाग में कितनी सीटें सब्सिडाइज्ड श्रेणी में बदली जाएंगी।
विवि ने एलएलएम के एक साल के कोर्स में पहले भरी जाने वाली सब्सिडाइज्ड की 16 और नॉन सब्सिडाइज्ड की 5 सीटों में नॉन सब्सिडाइज्ड श्रेणी की सीटें बढ़ाकर 29 कर सीटें 50 करने का फैसला लिया था। इसके लिए शनिवार को करीब सौ अभ्यर्थियों की काउंसलिंग भी हुई। सीटें सब्सिडाइज्ड में बदले जाने पर कुलपति से आदेश के बाद ही काउंसलिंग में अपीयर हुए अभ्यर्थियों की मेरिट सूची तैयार कर जारी की जा सकेगी। ईसी ने परिसर में वाईफाई, भर्ती प्रक्रिया शुरू करने को भी मंजूरी दी है। बैठक में विभिन्न छात्र संगठनों की मांगों को संबंधित विभागों को विचार कर उचित निर्णय लेने के निर्देश दिए गए हैं।