उल्लेखनीय है कि 9 जून, 2017 को फॉरेस्ट गार्ड होशियार सिंह का शव गुरजब जंगल में पेड़ से उल्टा लटका हुआ मिला था। पुलिस ने भारतीय दंड संहिता की धारा 302 के तहत हत्या का मामला दर्ज किया था, लेकिन अगले ही दिन इसे आत्महत्या में बदल दिया।
हाईकोर्ट की ओर से इस मामले में संज्ञान लेने के बाद एसआईटी व पुलिस की जांच पर कई गंभीर सवाल उठाए गए। हाईकोर्ट में पेश सुझावों में पुलिस जांच पर सवालिया निशान लगाते हुए कहा गया कि होशियार सिंह द्वारा कथित तौर पर खाया गया
जहर कहां से आया, किसने बेचा व किसने खरीदा यह जांच के विषय में नहीं जोड़ा गया। जांच में इन खामियों को देखते हुए कोर्ट ने इस मामले की जांच सीबीआई को सौंप दी थी। अब मामले पर अगली सुनवाई 13 जून को होगी।