प्रश्नकाल में पहला सवाल ही कांग्रेस विधायक सुखविंदर सिंह सुक्खू का होगा, जिसमें गैर सरकारी संस्थाओं को भूमि आवंटित करने का ब्योरा मांगा है। सूत्रों के अनुसार इस प्रश्न के बहाने सरकार पर विपक्ष हिमाचल को बेचने का आरोप लगाकर घेरने का प्रयास कर सकता है। इसके बाद भी प्रशासनिक ट्रिब्यूनल, आपदा से हुए नुकसान पर मुआवजा वितरण, निवेश जैसे कई मुद्दों पर टकराव हो सकता है।
छह बैठकों में 434 प्रश्न पूछेंगे सभी विधायक
पेयजल आपूर्ति, परिवहन, सहित विभिन्न विभागों के रिक्त पदों को लेकर भी पक्ष-विपक्ष में तीखी नोक-झोंक होगी। शीत सत्र में छह बैठकों में कुल 434 तारांकित व अतारांकित प्रश्न पूछे जाएंगे। विधायकों ने 270 तारांकित और 128 अतारांकित प्रश्नों के जवाब मांगे हैं।
36 स्थगित प्रश्नों में 25 तारांकित और 11 अतारांकित प्रश्न हैं। विधानसभा के नियम-62 के तहत छह और नियम-130 के तहत 13 और नियम-101 के तहत पांच, नियम-134 के तहत तीन सूचनाएं प्राप्त हुईं। धर्मशाला व पच्छाद उपचुनाव में जीतकर विधायक बने विशाल नैहरिया और रीना कश्यप का पहला विधानसभा सत्र होगा।
सत्र के संचालन के लिए पक्ष और विपक्ष से रचनात्मक सहयोग देने का आग्रह किया है। सत्र से पूर्व सोमवार को संसदीय कार्य मंत्री सुरेश भारद्वाज और नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री के साथ बैठक की जाएगी। - डॉ. राजीव बिंदल, विधानसभा अध्यक्ष