इन छह को विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने अयोग्य घोषित किया था। इन्होंने अध्यक्ष के फैसले को सुप्रीम कोर्ट में भी चुनौती दी है। हालांकि अपनी याचिका वापस लेने के लिए इन्होंने आवेदन भी कर दिया है। कांग्रेस के छह बागियों और तीन निर्दलीय विधायकों ने राज्यसभा चुनाव में भाजपा के प्रत्याशी हर्ष महाजन को वोट दिया था। बता दें 2022 के विधानसभा चुनाव के बाद 68 सदस्यीय राज्य विधानसभा में कांग्रेस के पास 40 थे, जबकि भाजपा के पास 25 विधायक थे। तीन सीटों पर निर्दलियों का कब्जा रहा। वित्त विधेयक पारित करते समय व्हिप जारी करने के बावजूद सदन में मौजूद न होने पर कांग्रेस के छह विधायक अयोग्य घोषित किए गए थे। अब निर्दलियों ने भी अपने पदों से इस्तीफे दे दिए हैं। इस्तीफे मंजूर होने के बाद नौ विधायकों के कम होने के बाद विधानसभा में 59 विधायक रह जाएंगे।
कांग्रेस पार्टी का कोई विजन नहीं: सुधीर
सुधीर शर्मा ने कहा कि प्रदेश में कांग्रेस पार्टी का कोई विजन नहीं है। कांग्रेस सिर्फ प्रधानमंत्री मोदी की आलोचना करती है। सुधीर शर्मा ने कहा कि जब हम अपने लोगों से किए गए वादे पूरे नहीं कर पा रहे हैं तो विधायक होने का क्या मतलब है। इसीलिए राज्यसभा चुनाव में हमने हर्ष महाजन को वोट दिया जो हमारे राज्य से हैं। आज हम सब अपनी मर्जी से भाजपा में शामिल हुए हैं। जब किसी व्यक्ति के आत्मसम्मान को ठेस पहुंचे और आपकी बात सुनने वाला कोई ना हो तो ऐसी जगह पर नहीं रहना चाहिए।
सीएम तानाशाह बन गए हैं: राजेंद्र राणा
राजेंद्र राणा ने कहा कि जब से राज्य में कांग्रेस की सरकार बनी, उनकी सुनवाई नहीं हुई। सरकार की ओर से युवाओं को रोजगार देने सहित अन्य मुद्दों पर गौर नहीं किया गया। राणा ने कहा कि कांग्रेस सरकार प्रदेश के लोगों से की गई गारंटी पूरी नहीं कर रही है। हम लोगों के प्रति जवाबदेह हैं, लेकिन जब लोगों ने हमसे पूछा तो हमारे पास कोई जवाब नहीं था। सीएम तानाशाह बन गए हैं और लोगों को अपमानित कर रहे। विधायकों की सुनने वाला कोई नहीं है। सरकार विधायकों के मुताबिक नहीं चल रही है, बल्कि सुखविंद्र सुक्खू और उनके सहयोगी चला रहे हैं। हिमाचल सरकार वेंटिलेटर पर है।
आयाराम-गयाराम और धनबल की राजनीति करने वालों ने देवभूमि के जनादेश से धोखा दिया: सुक्खू
उधर, बागियों के भाजपा में शामिल होने के बाद सीएम सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने लिखा- आयाराम-गयाराम और धनबल की राजनीति करने वालों ने देवभूमि के जनादेश से धोखा करके आज अपना ठिकाना चुन लिया। आज वे उनके साथ बैठे हैं जिन्होंने ओपीएस मांगने पर कर्मचारियों का मजाक उड़ाया। जिन्होंने पेपर लीक घोटाला किया और युवाओं के रिजल्ट लटकाए। जो अपने फायदे के लिए महिलाओं के विरोध में खड़े हो गए, जिन्होंने देवभूमि के आदर्श व मूल्यों को अपनी बेईमानी व खरीद-फरोख्त वाली राजनीति से कुचला। लेकिन, लोकतंत्र में जनता जनार्दन है। पैसों के लिए अपना ईमान बेचने वाले, जनता का प्यार और समर्थन पैसों से नहीं खरीद सकते। जनता जवाब देगी।
बड़सर व सुजनापुर ब्लॉक कांग्रेस कमेटियां भंग
उधर, बागियों के भाजपा में जाने के बाद अखिल भारतीय कांग्रेस कार्यसमिति के सदस्य प्रदेश मामलों के प्रभारी राजीव शुक्ला के अनुमोदन के बाद प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रतिभा सिंह ने जिला हमीरपुर के बड़सर व सुजनापुर ब्लॉक कांग्रेस कमेटियों को तत्काल प्रभाव से भंग कर दिया है। प्रदेश कांग्रेस संगठन महासचिव रजनीश किमटा ने इस संदर्भ में अधिसूचना जारी कर दी है ।
चैतन्य शर्मा के भाजपा में शामिल होने के बाद समर्थक भी भगवा रंग में रंगे
चैतन्य शर्मा के भाजपा मे शामिल होने की सूचना मिलने के बाद चैतन्य शर्मा के निवास स्थान अभयपुर में उनके समर्थकों में खुशी की लहर दौड़ गई। चैतन्य शर्मा के समर्थकों ने ढोल बजाकर व मिठाई बांटकर ख़ुशी का इजहार किया। इस अवसर पर चैतन्य की संस्था वाईएसपी व भाजपा के कार्यकर्ता उपस्थित थे।
ब्लॉक कांग्रेस सुजानपुर अध्यक्ष समेत राणा समर्थकों ने कांग्रेस को कहा अलविदा
बागी नेता राजेंद्र राणा के भाजपा में शामिल होते ही ब्लॉक कांग्रेस कमेटी सुजानपुर के अध्यक्ष समेत समस्त कार्यकारिणी पदाधिकारी और सदस्यों ने कांग्रेस से इस्तीफा दे दिया है। सभी पदाधिकारियों व अन्य संगठन अध्यक्षों ने भी कांग्रेस कार्यकारिणी पदों व प्राथमिक सदस्यता से त्यागपत्र दे दिया है। इसमें ब्लॉक अध्यक्ष कैप्टन ज्योति प्रकाश, महासचिव अशोक राणा ने तमाम पदाधिकारी, ब्लॉक महिला कांग्रेस अध्यक्ष सुमन अटवाल,शहरी इकाई महिला कांग्रेस अध्यक्ष परवीन सोनिया व शहरी इकाई कांग्रेस अध्यक्ष मनोज ठाकुर ने भी इस्तीफा दे दिया दिया। हालांकि, जिला कांग्रेस कमेटी हमीरपुर की तरफ से इन सभी पदाधिकारी को पदमुक्त कर दिया गया था और कार्यकारिणी को भंग करने की प्रदेश कांग्रेस से सिफारिश पिछले दिनों की गई थी।
कांग्रेस सरकार में प्रताड़ना झेलनी पड़ी: रवि
वहीं, रवि ठाकुर ने कहा कि उन्होंने लाहौल-स्पीति की 40 सालों तक बिना किसी स्वार्थ के कांग्रेस में रहकर सेवा की। कांग्रेस पार्टी के नेतृत्व में हमेशा निष्ठा से जुड़ा रहा, लेकिन कांग्रेस सरकार में प्रताड़ना झेलनी पड़ी, मुझे असांविधानिक तरीके से विधानसभा से निलंबित भी किया गया। जब-जब जनता के हक के लिए आवाज उठाई,हमेशा दबाने का प्रयास किया गया। लेकिन मैं हार नहीं मानूंगा और जनता के हक की लड़ाई के लिए आवाज़ उठाता रहूंगा। साथ ही बहुत जल्द लाहौल-स्पीति का दौरा भी करूंगा। रवि ठाकुर ने कहा कि हिमाचल प्रदेश के कुल बजट का 90 फीसदी हिस्सा केंद्र से आता है। यही कारण है कि मैंने अपने निर्वाचन क्षेत्र लाहौल-स्पीति को ध्यान में रखते हुए हर्ष महाजन को वोट दिया। यह दुर्भाग्यपूर्ण था विधानसभा अध्यक्ष ने हमें बिना किसी कारण के निलंबित कर दिया।
सत्ता लाभ के लिए नहीं, आम जनता की सेवा के लिए राजनीति में आए: चैतन्य
भाजपा में शामिल हुए चैतन्य शर्मा ने कहा कि वह सत्ता लाभ के लिए नहीं, आम जनता की सेवा के लिए राजनीति में आए हैं। कहा कि वह युवाओं, महिलाओं की मांग को प्रमुखता से उठते रहे हैं और अपने क्षेत्र के विकास के लिए वह तत्पर रहेंगे। उन्होंने कहा कि राज्यसभा के लिए वोट करना उनका अपना मौलिक अधिकार है और अपने विवेक की आवाज सुनकर ही उन्होंने राज्यसभा के लिए वोट किया। वहीं, देवेंद्र कुमार भूटटो के भाजपा में शामिल होते ही कुटलैहड़ विधानसभा क्षेत्र में समर्थकों ने नारेबाजी की। समर्थकों ने भूटटो के समर्थन में जमकर नारेबाजी और आतिशबाजी की।
15 महीनों से विकास कार्य ठप: होशियार सिंह
निर्दलीय होशियार सिंह ने कहा कि इस वक्त हिमाचल प्रदेश के हालात बहुत खराब हैं। चाहे आर्थिक स्थिति हो या कानून व्यवस्था हो। हम निर्दलीय विधायक हैं और हमें राज्यसभा चुनाव में वोट देने का पूरा अधिकार था। पिछले 15 महीनों में विकास कार्य पूरी तरह से रुके पड़े हैं और इसलिए हमने खुद ही यह (इस्तीफा देने और भाजपा में शामिल होने का) फैसला किया है।
कांग्रेस की कार्यक्षमता चरमरा गई: इंद्रदत्त लखनपाल
भाजपा में शामिल होने के बाद हिमाचल के बागी विधायक इंद्रदत्त लखनपाल ने कहा कि कांग्रेस की कार्यक्षमता चरमरा गई है। ना तो हाईकमान का कोई प्रभाव है और ना ही पार्टी कार्यकर्ताओं के लिए कोई सम्मान बचा है।
विधानसभा क्षेत्र के हित में यह फैसला लिया: आशीष शर्मा
तीन निर्दलीय विधायकों में से एक आशीष शर्मा ने कहा किहमने राज्य और विधानसभा क्षेत्र के हित में यह फैसला लिया है। जिस तरह से पीएम मोदी के नेतृत्व में यह देश आगे बढ़ रहा है, यह हमारा सौभाग्य है कि हमें भी यह मौका मिला है कि हम इसमें कुछ योगदान दें।
भाजपा ने राज्यसभा चुनाव जीतने के लिए अनैतिक तरीकों का इस्तेमाल किया: धर्माणी
कांग्रेस विधायकों के बीजेपी में शामिल होने पर हिमाचल के मंत्री राजेश धर्माणी ने कहा कि हमने पहले ही आरोप लगाया है भाजपा ने राज्यसभा चुनाव जीतने के लिए अनैतिक तरीकों का इस्तेमाल किया और आज यह साबित हो गया है। भाजपा जिस तरह से सत्ता में आने के लिए धन, बाहुबल और ईडी जैसी एजेंसियों का इस्तेमाल कर रही है, लोकतंत्र के लिए अच्छा नहीं है और समाज पर नकारात्मक प्रभाव डालता है। राज्य सरकार की ओर से 5 में से 4 गारंटी पहले ही लागू हो चुकी हैं और एक आंशिक रूप से लागू की है।
कांग्रेस सरकार लंबे समय तक नहीं चलेगी: केएल ठाकुर
भाजपा में शामिल होने पर निर्दलीय केएल ठाकुर ने कहा कि राज्य में बड़ी उम्मीदों के साथ बनी कांग्रेस सरकार ने अपने किसी भी वादे को पूरा नहीं किया है। इससे पहले जयराम ठाकुर के नेतृत्व में भाजपा सरकार ने कई काम किए हैं। यह सरकार लंबे समय तक नहीं चलेगी।
कोई पद नहीं चाहिए, पार्टी कार्यकर्ता के रूप में हुए शामिल : भुट्टो
भाजपा में शामिल होने के बाद अयोग्य घोषित विधायक व कांग्रेस के बागी दविंद्र कुमार भुट्टो ने कहा कि वह कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल हुए हैं, ताकि वह पीएम नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में अपने राज्य के विकास में मदद कर सकें। उन्हें कोई पद नहीं चाहिए, वह पार्टी कार्यकर्ता के रूप में शामिल हुए हैं। कांग्रेस अपने पार्टी कार्यकर्ताओं और निर्वाचित सदस्यों की उपेक्षा करती है।
लाहौल-स्पीति कांग्रेस के महासचिव को किया निष्कासित
जनजातीय जिला लाहौल-स्पीति में सियासी पारा लगातार चढ़ने लगा है। रवि ठाकुर के भाजपा में शामिल होने के बाद शनिवार को जिला कांग्रेस कमेटी के महासचिव को पार्टी से निष्कासित कर दिया है। जिला अध्यक्ष ज्ञालसन ठाकुर ने जिला कांग्रेस कमेटी के महासचिव संजय कटोच को बागी विधायक रवि ठाकुर के पक्ष में उनके सोशल मीडिया में प्रचार प्रसार करने के चलते तुरंत प्रभाव से पार्टी के खिलाफ कार्य करने पर निष्कासित कर दिया है।