फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हिमाचल में बंद का असर नहीं, दिल्ली और पंजाब के लिए बसें न चलने से हुई परेशानी

Fri, 26 Mar 2021 05:03 PM IST
अरविन्द ठाकुर अमर उजाला नेटवर्क, कुल्लू

सार

  •  किसानों और मजदूर संगठनों ने किया प्रदर्शन और नारेबाजी 
  •  प्रदेश से दिल्ली और पंजाब के लिए डेढ़ सौ रूटों पर बसों की आवाजाही रही ठप
  • सीटू होली के दिन नए कृषि कानूनों की प्रतियां जलाएगी  
विज्ञापन
कृषि कानूनों के खिलाफ प्रदशर्न। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

सीटू राज्य कमेटी के केंद्रीय ट्रेड यूनियन संयुक्त मंच और किसान संयुक्त मोर्चा के भारत बंद के आह्वान का हिमाचल प्रदेश में असर नहीं दिखा। हालांकि दिल्ली और पंजाब के लिए हिमाचल से बसें न जाने से यात्रियों को परेशानी जरूर हुई। दिल्ली और पंजाब के करीब डेढ़ सौ रूटों पर बसों की आवाजाही ठप रही। सीटू और हिमाचल किसान सभा ने मजदूर विरोधी चार लेबर कोडों, तीन कृषि कानूनों, कृषि के निगमीकरण, बिजली विधेयक 2020, सार्वजनिक क्षेत्र के निजीकरण के खिलाफ  शुक्रवार को प्रदेश भर प्रदर्शन किए और केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।

विज्ञापन


 



सीटू 28 मार्च को होली के दिन मजदूर विरोधी चार लेबर कोडों और बिजली विधेयक 2020 और कृषि कानूनों की प्रतियां जलाएगी। शिमला से सुबह के समय चंडीगढ़ के लिए बसें भेजी गईं। पंजाब और दिल्ली के लिए सायं 6 बजे बसें रवाना हुईं। बसों की आवाजाही बंद रहने से पथ परिवहन निगम को लाखों का नुकसान हुआ। शिमला, रामपुर, रोहड़ू, हमीरपुर, कुल्लू, मंडी, धर्मशाला, चंबा, ऊना, सोलन, सिरमौर और किन्नौर में प्रदर्शन किए गए। शिमला के उपायुक्त कार्यालय पर मजदूरों और किसानों ने जोरदार प्रदर्शन किया।
विज्ञापन
विज्ञापन

सीटू प्रदेशाध्यक्ष विजेंद्र मेहरा ने कहा कि केंद्र की मोदी सरकार पूंजीपतियों को फायदा पहुंचा रही है। ऊना जिले से बाहर जाने वाले करीब 32 रूट बंद की वजह से प्रभावित रहे हैं। हमीरपुर जिले में किसान आंदोलन को लेकर भारत बंद का असर नहीं दिखा। जिला कांगड़ा में असर देखने को नहीं मिला। बिलासपुर जिले में भी बंद का असर नहीं दिखा।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें