उन्होंने बच्चों के सर्वश्रेष्ठ उपचार के लिए चिकित्सकों को निर्देश दिए। कहा कि यदि आवश्यकता पड़ी तो बच्चों अन्य अस्पताल में भेजा जाए और सरकार उपचार के सभी खर्चों का वहन करेगी।
जय राम ठाकुर ने कहा कि सरकार ने दुर्घटना के कारणों का पता लगाने के लिए मजिस्ट्रेटी जांच के आदेश दिए हैं। उन्होंने कहा कि भविष्य में इस प्रकार की दुर्घटनाएं न हो, इसके लिए सभी ऐतिहाती कदम उठाए जाएंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार दुख की घड़ी में उन परिवारों के साथ हैं, जिनके बच्चों ने इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना में अपने प्राण गवाएं हैं। जयराम ठाकुर ने मृतकों को श्रद्धांजलि अर्पित की तथा शोक संतप्त परिजनों को सांत्वना दी।
केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्री जे.पी. नड्डा, सांसद शांता कुमार, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री किशन कपूर, शिक्षा मंत्री सुरेश भारद्वाज, शहरी विकास मंत्री सरवीण चौधरी, स्वास्थ्य मंत्री विपिन सिंह परमार तथा विधायक राकेश पठानिया भी इस दौरान मुख्यमंत्री के साथ मौजूद रहे।
हिमाचल प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव नरेश चौहान ने नूरपुर बस हादसे में मारे गए 27 मासूम बच्चों के प्रति गहरा दुख प्रकट किया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार को हादसे के कारणों का पता लगाना चाहिए।
दोषी पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई अमल में लाई जानी चाहिए। ऐसे हादसों की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए सख्त कदम उठाने चाहिए। निजी बसों में अनुभवी चालक और लाइसेंस होना चाहिए। बस में ओवरलोडिंग नहीं होनी चाहिए और स्कूल बस की स्पीड लिमिट कम होनी चाहिए।
उन्होंने ईश्वर से प्रार्थना की है कि दिवंगत आत्माओं को शांति प्रदान करें और शोकाकुल परिवार को इस दुख को सहन करने की शक्ति दे। उन्होंने कहा कि यह दिल दहलाने वाली घटना है। उन्होंने प्रदेश सरकार से इस दर्दनाक हादसे की पूरी तरह जांच करने की मांग की है।