सरकार गठन के बाद से ही गाय प्रेम दिखाने वाली जयराम सरकार बिलासपुर में प्रस्तावित एम्स के लिए करीब 70 सरकारी गायें बेचने जा रही है। ऐसा इसलिए है, क्योंकि सरकार ने एम्स के लिए दी जाने वाली पशुपालन विभाग की जमीन पर बने जर्सी गाय ब्रीडिंग फार्म को शिफ्ट करने के लिए जमीन देने से
इंकार कर दिया है। सरकार के इंकार के बाद अब विभाग इस फार्म में मौजूद 70 गायों को बेचने पर विचार कर रहा है।
बिलासपुर के कोठीपुरा में केंद्र सरकार ने ऑल इंडिया इंस्टीट्यूट आफ मेडिकल सांइसेंस (एम्स) स्थापित करने को मंजूरी दी है। एम्स के लिए केंद्र ने प्रदेश सरकार से करीब साढ़े पांच सौ बीघा जमीन मांगी थी। इसमें पशुपालन विभाग की 112 बीघा जमीन प्रदेश सरकार ने केंद्र को हस्तांतरित करने का निर्णय लिया। इस फैसले से इस जमीन पर बने जर्सी गाय ब्रीडिंग फार्म पर संकट खड़ा हो गया है।
विभाग ने सरकार को पत्र लिखकर इस फार्म को शिफ्ट करने के लिए जमीन मुहैया कराने की मांग की लेकिन सरकार ने जमीन देने से इंकार कर दिया है। विभाग के निदेशक एसके चौधरी ने बताया कि एम्स के लिए जमीन हस्तांतरित करने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। साथ ही फार्म की गायों को पालमपुर स्थित अन्य फार्म में शिफ्ट करने पर विचार कर रहे हैं, लेकिन अगर उस फार्म की क्षमता न हुई तो गायों को बेचा जाएगा।
कांगड़ा में मरी गायों पर भी नहीं हुई कार्रवाई
पशुपालन विभाग के कांगड़ा में स्थित गो सदन में कुछ समय पहले कई गायों की मौत हो गई थी। उस समय जयराम सरकार ने मौत के कारणों का पता लगाने के लिए जांच के आदेश दिए, लेकिन विभाग की जांच पूरी होने के बाद अब तक सरकार कार्रवाई को लेकर फैसला नहीं ले सकी है।