कुछ देर गुफ्तगू के बाद कांगणी के पास बने ग्रीन रूम में ही नड्डा ने सभी विधायकों को बुला लिया। विधायकों के साथ करीब आधा घंटा बैठक की। इस बैठक में मजबूत और कमजोर रिपोर्ट कार्ड वालेे विधायकों की टोह ली गई। टिकट बदला तो कितना सियासी झोल हो सकता हैै, इसे भी नड्डा ने बैठक में भांपा। लोकसभा चुनावों में पुत्र मोह से भाजपा के प्रचार से किनारा करने वाले सदर विधायक अनिल शर्मा भी इस बैठक में मौजूद रहे। उल्लेखनीय है कि 2017 के विधानसभा चुनावों में दस में से नौ सीटों पर भाजपा ने जीत दर्ज की थी। जोगिंद्रनगर में आजाद प्रत्याशी प्रकाश राणा जीते थे। बाद में राणा भी भाजपा में शामिल हो गए थे।