वीरभद्र सरकार की ओर से विधानसभा चुनावों से एन पहले पेट्रोल-डीजल पर एक प्रतिशत वैट कम करने के चुनावी फैसले का लाभ अब नई सरकार बनने के बाद ही मिलेगा। स्वत: संज्ञान के तहत कैबिनेट बैठक के दौरान लिए गए इस फैसले का नतीजा यह रहा कि चुनावों के दौरान इस फैसले को न तो लागू किया जा सका और न ही इसका लाभ मिल पाया।
अब चुनाव प्रक्रिया खत्म होने के बाद विभाग वैट कम करने की अधिसूचना जारी करेगा और उसके बाद लोगों को पेट्रोल और डीजल में कुछ राहत मिल सकेगी। वीरभद्र सिंह सरकार ने 10 अक्तूबर को कैबिनेट बैठक कर प्रदेश में पेट्रोलियम उत्पादों पर वैट एक प्रतिशत कम करने का फैसला ले लिया।
चूंकि सरकार ने कैबिनेट में खुद यह फैसला लेकर विभाग को इसपर काम करने को कहा लेकिन, कैबिनेट बैठक के निर्णय विभाग तक पहुंचने से पहले ही सूबे में आचार संहिता लागू हो गई। विभाग ने फिर भी वैट में छूट के निर्णय को लागू करने की प्रक्रिया शुरू की।