मंत्री ने कहा कि सिंचाई के लिए 328 करोड़ का प्रावधान है। शिलारू में 9.50, पालमपुर में 8.50 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले बागवानी विभाग के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस को शीघ्र वर्ल्ड बैंक से स्वीकृत करवाने को कहा।
बैठक में प्रधान सचिव संजय गुप्ता, महाप्रबंधक एचपीएमसी सुरेंद्र माल्टू, बागवानी निदेशक एमएल धीमान, परियोजना निदेशक एसएस वर्मा आदि मौजूद रहे।मंत्री ने कहा कि राज्य के शीत भंडारणों और पैकिंग हाउस स्तरोन्नत करने पर 202 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं।
गुम्मा, टिक्कर, खुड्डी, रोहडू और पतलीकूहल शीत भंडारणों पर 44.90 करोड़ खर्च होंगे। एचपीएमसी केंद्र परवाणू के स्तरोन्नत और मरम्मत के लिए 27.60 करोड़ और जड़ोल केंद्र के लिए 15.46 करोड़ की राशि का अनुमोदन किया है।