हिमाचल प्रदेश में स्मार्ट यूनिफॉर्म सब्सिडी के 3,110 लाभार्थी अभी तक राशि के लाभ से वंचित हैं। शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक में मामला सामने आने के बाद सभी उप निदेशकों को छात्रवार स्थिति की समीक्षा करने के निर्देश दिए गए हैं। विभाग ने एक सप्ताह के भीतर उपयोगिता प्रमाणपत्र जमा करने को कहा है। संस्थानों के पास बची राशि और उस पर अर्जित ब्याज का पूरा विवरण भी देना होगा।
हिमाचल प्रदेश में सरकारी स्कूलों के विद्यार्थियों को स्मार्ट यूनिफॉर्म के लिए दी जाने वाली सब्सिडी का लाभ अभी तक 3,110 विद्यार्थियों तक नहीं पहुंच पाया है। शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक में यह मामला सामने आने के बाद अब सभी संबंधित अधिकारियों को छात्रवार स्थिति की समीक्षा कर पात्र विद्यार्थियों तक लाभ पहुंचाने के निर्देश दिए गए हैं।
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निदेशालय प्रारंभिक शिक्षा, हिमाचल प्रदेश की ओर से 1 सितंबर 2026 को प्रदेश के सभी उप निदेशकों (प्रारंभिक शिक्षा) को इस संबंध में पत्र जारी किया गया है। पत्र में 3 अगस्त 2026 को शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर की अध्यक्षता में हुई समीक्षा बैठक का हवाला दिया गया है।
3,110 विद्यार्थी सब्सिडी से रह गए वंचित
पत्र के अनुसार समीक्षा बैठक के दौरान प्वाइंट नंबर 7 'Status of DBT of Uniform Subsidy' पर चर्चा की गई। इसमें पाया गया कि 3,110 विद्यार्थी ऐसे हैं, जिन्हें स्मार्ट यूनिफॉर्म सब्सिडी का लाभ अभी तक नहीं मिल पाया है। विभाग ने सभी उप निदेशकों को अपने-अपने स्तर पर विद्यार्थीवार प्रगति की समीक्षा करने और यह सुनिश्चित करने को कहा है कि पात्र सभी लाभार्थियों तक सब्सिडी का लाभ पहुंचे।
एक सप्ताह में देना होगा उपयोगिता प्रमाणपत्र
शिक्षा विभाग ने मामले को प्राथमिकता के आधार पर निपटाने के निर्देश दिए हैं। संबंधित अधिकारियों को एक सप्ताह के भीतर उपयोगिता प्रमाणपत्र (Utilization Certificate) जमा करवाने होंगे। इसके साथ संबंधित संस्थानों के पास यदि कोई राशि खर्च नहीं हुई है तो उसकी पूरी जानकारी भी देनी होगी। विभाग ने स्पष्ट किया है कि ऐसी बची हुई राशि पर अर्जित ब्याज का विवरण भी उपयोगिता प्रमाणपत्र के साथ देना होगा।
पहले भी डीबीटी के जरिए यूनिफॉर्म राशि देने की व्यवस्था
हिमाचल सरकार ने सरकारी स्कूलों के विद्यार्थियों को यूनिफॉर्म के लिए राशि सीधे बैंक खाते में भेजने की व्यवस्था शुरू की थी। वर्ष 2023 में कक्षा 1 से 8 तक के विद्यार्थियों के लिए प्रति विद्यार्थी 600 रुपये डीबीटी के माध्यम से देने की घोषणा की गई थी। इसका उद्देश्य यूनिफॉर्म वितरण की प्रक्रिया को सरल बनाने और अभिभावकों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ कम करना था। वहीं, शिक्षा विभाग के हालिया दस्तावेजों में भी पात्र विद्यार्थियों को यूनिफॉर्म के लिए डीबीटी के माध्यम से 600 रुपये की राशि स्थानांतरित करने का प्रावधान दर्ज है।
अब विभाग की नजर भुगतान प्रक्रिया पर
3,110 विद्यार्थियों का मामला सामने आने के बाद शिक्षा विभाग ने अधिकारियों को भुगतान प्रक्रिया की कमियों की समीक्षा करने और लंबित लाभ को जल्द से जल्द पात्र विद्यार्थियों तक पहुंचाने के निर्देश दिए हैं। विभाग ने इसे टॉप प्रायोरिटी पर लेते हुए निर्धारित समयसीमा में अनुपालन सुनिश्चित करने को कहा है।