फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

प्रदेश में नहीं होगी पतंजलि च्यवनप्राश सैंपल की जांच

Fri, 22 Jan 2016 10:54 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
विज्ञापन
विज्ञापन
पतंजलि च्यवनप्राश के सैंपल की हिमाचल में जांच नहीं होगी। वजह, कंपोजिट टेस्ट लैब कंडाघाट में च्यवनप्राश के सैंपल की जांच नहीं होती है। सैंपल जुटाने के बाद स्वास्थ्य महकमे को इसका पता चला है। अब स्वास्थ्य महकमा इस सैंपल को आयुर्वेद विभाग को भेजने जा रहा है।
विज्ञापन


स्वास्थ्य महकमे का मानना है कि यह मामला आयुर्वेदिक विभाग के अधीन है। ऐसे में यही विभाग इस सैंपल की जांच करा सकता है। इधर, आयुर्वेदिक विभाग सैंपल की जांच करने को तैयार नहीं है। विभाग का मानना है कि सैंपल स्वास्थ्य विभाग ने लिया है। उनकी लैब में जड़ी-बूटी और आयुर्वेद दवाओं के सैंपलों की जांच होती है।

प्रदेश सरकार के आदेशों के बाद स्वास्थ्य विभाग ने एक महीना पहले हिमाचल में पतंजलि उत्पादों के सैंपल जुटाए थे। यह सैंपल पांच जिलों से लिए गए हैं। इसमें आटा नूडल्स, घी, शहद, तेल के अलावा च्यवनप्राश के सैंपल शामिल हैं।
विज्ञापन


सैंपल को कंडाघाट प्रयोगशाला भेजा गया था, लेकिन इस प्रयोगशाला में एलोपैथी दवाओं, फूड सेफ्टी से संबंधित वस्तुओं के सैंपल की जांच की जाती है। ऐसे में पतंजलि च्यवनप्राश का सैंपल स्वास्थ्य महकमे के लिए परेशानी का कारण बना हुआ है।

निदेशक हेल्थ सेफ्टी रेगुलेशन रामेश्वर शर्मा ने बताया कि कंडाघाट प्रयोगशाला में च्यवनप्राश के सैंपल की जांच नहीं होती है। ऐसे में आयुर्वेदिक विभाग से इस सैंपल की जांच कराने की बात की जा सकती है।

आयुर्वेदिक विभाग मंत्री कर्ण सिंह ने कहा कि सैंपल स्वास्थ्य विभाग ने लिए हैं, वही सैंपल की जांच कराएगा। आयुर्वेदिक विभाग अपनी लैब में जड़ी-बूटी और आयुर्वेदिक दवाओं के सैंपल की जांच करता है।
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें