शिमला। नशा तस्करी का नेटवर्क तोड़ने के लिए शिमला पुलिस तस्करों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई कर रही है। आदतन नशा तस्करों के खिलाफ पीआईटी एनडीपीएस अधिनियम में कार्रवाई करते हुए तीन महीने के लिए जेल भेजा जा रहा है। इसके तहत पुलिस थाना सदर शिमला ने आदतन नशा तस्कर करण घई निवासी कृष्णानगर शिमला को पीआईटी एनडीपीएस अधिनियम के तहत निरुद्ध (डिटेन) किया है। गृह विभाग से मंजूरी मिलने के बाद आरोपी के खिलाफ यह कार्रवाई अमल में लाई है। पुलिस ने हिरासत में लेने के बाद आवश्यक कानूनी औपचारिकताओं एवं चिकित्सीय परीक्षण के बाद उसे तीन माह की अवधि के लिए आदर्श केंद्रीय कारागार कंडा भेज दिया है। पुलिस के मुताबिक आरोपी के खिलाफ पुलिस थाना सदर, शिमला में एनडीपीएस अधिनियम के अंतर्गत मादक पदार्थ तस्करी से संबंधित एक से अधिक मामले दर्ज हैं। इसमें एक मामला 10 मार्च 2025 और 5 दिसंबर 2025 को दर्ज है। पुलिस की जांच में सामने आया है कि आरोपी नशा तस्करी में अभी भी सक्रिय है। इसको देखते हुए उसे खिलाफ पीआईटी एनडीपीएस एक्ट में कार्रवाई अमल में लाई गई है। इस अधिनियम में डिटेन किए जाने वाले आरोपियों की वित्तीय जांच भी की जा रही है जिससे की आरोपियों की नशा तस्करी से अर्जित संपत्ति को चिह्नित करके उन्हें कब्जे में लिया जा रहा है। पीआईटी एनडीपीएस एक्ट में शिमला पुलिस ने अभी तक 42 आरोपियों को चिह्नित किया है। इसमें चार लोगों की सजा को तीन महीने से अधिक बढ़ाया जा चुका है। एसएसपी गौरव सिंह ने बताया कि पुलिस नशा तस्करों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई कर रही है। युवा पीढ़ी को नशे की लत से बचाना पुलिस की पहली प्राथमिकता है। ब्यूरो