ठेकेदारों को अब एक समय में एक ही काम मिलेगा। काम पूरा होने के बाद ही ठेकेदार दूसरे टेंडर में हिस्सा ले सकेंगे। लोक निर्माण विभाग ने यह व्यवस्था इसलिए है कि ठेकेदार एक समय में एक से ज्यादा काम ले रहे हैं। ऐसे में न तो पहले वाला काम पूरा हो रहा है और न ही दूसरा।
इससे प्रदेश में विकास कार्य लटक रहे हैं। विभाग ने चेतावनी दी है कि अगर ठेकेदार निर्धारित समय में काम पूरा नहीं करता है तो सिक्योरिटी भी जब्त की जा सकती है। प्रदेश में लोक निर्माण विभाग, भवनों, सड़कों, पुलों, डंगों, टारिंग, सड़कों पर गटका बिछाने का काम करता है। ये कार्य ठेके पर किए जाते हैं।
हर महीने विभाग करोड़ों रुपये के टेंडर करता है। विभाग के पास ऐसे दर्जनों ठेकेदार रजिस्टर्ड है, जिनके पास काम रहते हुए भी अन्य विकास कार्यों लेकर उसे पेंडिंग में रखते हैं। ऐसे में ठेकेदार निर्धारित समय में काम पूरा नहीं करते। मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने भी ऐसे ठेकेदारों के खिलाफ कार्रवाई करने की बात कही है।
पात्र ठेकेदार को मिलने चाहिए टेंडर
ठेकेदार एसोसिएशन के महासचिव सतीश कुमार बिज ने बताया कि पात्र ठेकेदार को विकास कार्य के टेंडर मिलने चाहिए। कई ठेकेदार ऐसे हैं जिनके पास मशीनरियां नहीं हैं, लेकिन वह भी काम लेते हैं।
ऐसे में काम निर्धारित समय पर पूरा नहीं होता है। लोक निर्माण विभाग के ईएनसी नरेश शर्मा ने बताया कि ठेकेदारों को निर्धारित समय पर काम पूरा करने को कहा है। ऐसा नहीं किया गया तो कार्रवाई होगी।