जर्मनी की कंपनी मैसर्ज एक्सपोर्ट एकेडमी बैडेन वुर्टेमबर्ग के प्रतिनिधिमंडल ने अतिरिक्त मुख्य सचिव डॉ. श्रीकांत बाल्दी और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के साथ प्रदेश में इंडो-जर्मन नवाचार और प्रौद्योगिकी प्रबंधन उत्कृष्टता केंद्र स्थापित करने पर चर्चा की।
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के जर्मनी दौरे के दौरान इस कंपनी ने प्रदेश में निवेश करने में गहन रुचि दिखाई थी और फ्रैंकफर्ट में रोड शो के दौरान इस बारे में विस्तृत चर्चा हुई थी।
डॉ. बाल्दी ने कहा कि राज्य सरकार नवाचार एवं प्रौद्योगिक प्रबंधन के लिए उत्कृष्टता केंद्र स्थापित करने के लिए उत्सुक है, जो नवोन्मेष और क्षेत्रीय विकास के लिए केंद्र के रूप में कार्य करेगा।
यह राज्य में स्वच्छ तकनीक और स्वचालन को बढ़ावा देगा और जर्मनी में समूह को प्रौद्योगिकी तकनीकी के साथ जोड़ेगा। उन्होंने जर्मनी प्रतिनिधियों को आश्वासन दिया कि प्रदेश सरकार इस उत्कृष्टता केंद्र स्थापित करने के लिए हरसंभव सहायता प्रदान करेगी।
एक्सपोर्ट एकेडमी बैडेन वुर्टेमबर्ग के पार्टनर और सीईओ प्रोफेसर बर्टाम लोहमुलर ने कहा कि यह केंद्र पर्यटन और स्टार्ट-अप कंपनियों के लिए क्षेत्रीय इनोवेशन हब और सीखने के क्षेत्रों के निर्माण तथा स्टार्ट-अप कंपनियों व संभावित निवेशकों के बीच सहयोग का एक लंबा रास्ता तय करेगा।
इस प्रतिनिधिमंडल में यूरोपियन सेंटर मेक्ट्रोनिक्स के अध्यक्ष, आईटीए आरडब्ल्यूटीएच आचेन विश्वविद्यालय के पार्टनर वांगापंडु वेंकटनागाराजू भी शामिल थे।
इस अवसर पर अतिरिक्त मुख्य सचिव मनोज कुमार, कौशल विकास निगम के प्रबंध निदेशक रोहन चंद ठाकुर, निदेशक उद्योग हंसराज शर्मा, निदेशक तकनीकी शिक्षा शुभकरण, हिमाचल विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार घनश्याम चंद भी उपस्थित थे।