हिमाचल प्रदेश के शहरी क्षेत्रों में अब भवन निर्माण के लिए ज्योलॉजिकल (भूगर्भीय) और स्ट्रक्चर डिजाइन (संरचना डिजाइन) की रिपोर्ट अनिवार्य होगी। शिमला, कुल्लू, धर्मशाला, ऊना, किन्नौर मंडी, सोलन, ऊना, नाहन और चंबा शहर में डेवलपमेंट प्लान तैयार किया जा रहा है। इसमें स्ट्रक्चर डिजाइन और इंजीनियर की रिपोर्ट होना जरूरी है। सरकारी भवनों में यह रिपोर्ट अनिवार्य कर दी गई है। इसी के तहत भवनों का निर्माण किया जा रहा है। अब शहरी क्षेत्रों में भी इस योजना को सिरे चढ़ाया जा रहा है। हिमाचल में प्राकृतिक आपदा के चलते सरकारी और निजी भवनों को नुकसान हो रहा है। सचिवालय में केंद्रीय टीम और हिमाचल अधिकारियों के बीच हुई बैठक में भी इस मामले पर चर्चा हुई है।