शिमला। अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रतिभा नेगी ने चेक बाउंस के एक पुराने मामले में फैसला सुनाते हुए आरोपी विजय कुमार को दोषी करार दिया है। दोषी को चार महीने के साधारण कारावास और 58 हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है। अदालत ने स्पष्ट किया कि जुर्माने की राशि अदा न करने पर दोषी को अतिरिक्त 15 दिन का साधारण कारावास भुगतना होगा। जुर्माने की पूरी राशि वसूल होने और अपील की अवधि समाप्त होने के बाद इसे बतौर मुआवजा शिकायतकर्ता कंपनी को देने के आदेश दिए हैं। शिकायतकर्ता कंपनी गोल्फ लिंक फाइनेंस एंड रिजॉर्ट्स प्राइवेट लिमिटेड के अनुसार शिमला निवासी विजय कुमार ने 4 सितंबर 2012 को कंपनी से 50 हजार रुपये का ऋण लिया था। ऋण चुकाने के लिए आरोपी ने चेक जारी किया था। चेक को भुगतान के लिए अपने बैंक में प्रस्तुत किया तो खाते में पर्याप्त राशि न होने के कारण चेक बाउंस हो गया। संवाद