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Shimla: रोहड़ू में वन विभाग की बड़ी कार्रवाई, छह ज्वेलर तेंदुए के नाखूनों-दांत के साथ गिरफ्तार, देखें वीडियो

Tue, 10 Feb 2026 05:50 PM IST
Krishan Singh संवाद न्यूज एजेंसी, रोहड़ू।

सार

 विभाग की छह टीमों ने बाजार में एकसाथ दबिश देकर छह ज्वेलरी दुकानों से प्रतिबंधित वन्यजीव अवशेष बरामद किए।
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रोहडू़ में छह ज्वेलरों से तेंदुए के 85 नाखून व पांच दांत बरामद। - फोटो : संवाद
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विस्तार
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 वन्यजीव तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत हिमाचल प्रदेश वन विभाग ने मंगलवार को रोहड़ू बाजार में बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। विभाग की छह टीमों ने बाजार में एकसाथ दबिश देकर छह ज्वेलरी दुकानों से प्रतिबंधित वन्यजीव अवशेष बरामद किए। छापेमारी के दौरान तेंदुए के 86 नाखून, पांच दांत और दुर्लभ प्रजाति के पक्षियों के पंख जब्त किए गए। सभी छह ज्वेलरों को गिरफ्तार कर लिया गया है। डीएफओ रवि शंकर शर्मा ने इसकी पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि रोहड़ू क्षेत्र में तेंदुए के नाखून और दांत कथित चमत्कारी गुणों के लिए अवैध रूप से बेचे जाने की शिकायतें मिल रही थीं। इसके बाद विभाग ने मंगलवार को कार्रवाई को अंजाम दिया। इसके लिए विभाग ने 45 कर्मचारियों की छह टीमें गठित की थीं। 

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डीएफओ रोहड़ू रवि शंकर शर्मा ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि बरामद सामग्री को कब्जे में ले लिया गया है और संबंधित दुकानदारों के खिलाफ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि तेंदुआ संरक्षित वन्यजीव है और इसके अंगों का रखना या बेचने की कोशिश करना गंभीर अपराध की श्रेणी में आता है। सूत्रों के अनुसार कुछ ज्वेलर इन नाखूनों व दांतों का उपयोग ताबीज, लॉकेट व अन्य आभूषणों में सजावट के लिए करते हैं, जिसे लोग अंधविश्वास के चलते खरीदते हैं। वन विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे ऐसे उत्पादों से दूरी बनाएं और यदि कहीं इस तरह का अवैध कारोबार नजर आए तो तुरंत विभाग को सूचना दें। वन विभाग का कहना है कि आने वाले दिनों में क्षेत्र में ऐसी छापेमारी और तेज की जाएगी ताकि वन्यजीवों के अवैध शिकार और तस्करी पर रोक लगाई जा सके।

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यह कार्रवाई वन्यजीव तस्करी के खिलाफ वन विभाग की मुहिम का हिस्सा है। उन्होंने बताया कि ऐसे उत्पादों की मांग के कारण तेंदुए जैसी प्रजातियों पर खतरा बढ़ रहा है। भारत में तेंदुआ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम 1972 की अनुसूची-1 में शामिल है, जिसके तहत इसके शिकार या व्यापार पर कड़ी सजा का प्रावधान है। उन्होंने बताया कि ऐसी अवैध गतिविधियों में लिप्त लोगों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। डीएफओ ने बताया कि यह पता लगाया जा रहा है कि ये अवशेष ज्वेलरों ने कहां से लाए हैं।
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