हिमाचल में पर्यावरण के लिए एक अच्छी खबर आई है। प्रदेश में जंगलों का दायरा पिछले दो सालों में 12 वर्ग किलोमीटर बढ़ गया है। फॉरेस्ट सर्वे ऑफ इंडिया (एफएसआई) के सर्वेक्षण में वन आवरण बढ़ा हुआ पाया गया है। एफएसआई की ओर से दो साल में एक बार सर्वे किया जाता है।
एफएसआई ने इस सर्वे को सैटेलाइट के माध्यम से किया है। सैटेलाइट सर्वे में घने जंगल, खुले जंगल और कम घने जंगलों को ट्रेस किया गया। इसके आधार पर जो रिपोर्ट तैयार हुई उसमें पाया गया कि हिमाचल में जंगलों का दायरा 12 वर्ग किलोमीटर बढ़ गया है।
पिछले कुछ वर्षों से वन विभाग ने वन संरक्षण से लेकर पौधरोपण अभियान चला रखा है। विभाग ने बीते वर्ष बरसात के दौरान तीन दिवसीय पौधरोपण अभियान में 15 लाख पौधे रोपने का लक्ष्य रखा था।
लेकिन इस लक्ष्य से भी आगे बढ़ते हुए वन विभाग ने 17 लाख पौधे रोपित किए थे। जिसमें 86 हजार लोगों ने हिस्सा लिया था। पौधरोपण अभियान में रोपे गए पौधों में करीब 75 फीसदी पौधे कामयाब हुए हैं।
अरण्यपाल अनिल शर्मा ने कहा कि हिमाचल में 12 वर्ग किलोमीटर जंगलों का दायरा बढ़ा है। फॉरेस्ट सर्वे ऑफ इंडिया में वन क्षेत्र बढ़ने की पुष्टि हुई है। सैटेलाइट से किए गए सर्वे के नतीजे प्रदेश वन विभाग के लिए बड़ी कामयाबी है।