हिमाचल प्रदेश के चंबा जिले की ग्राम पंचायत बकाणी के भजलुई गांव में मंगलवार को आग से लकड़ी से बना तीन मंजिला मकान जलकर राख हो गया। वहीं, अग्निकांड में गोशाला भी जल गई जबकि एक रसोईघर को भी आंशिक नुकसान पहुंचा है। अग्निकांड में करीब 60 लाख के नुकसान का अनुमान है। जानकारी के मुताबिक हाको राम पुत्र पुत्र जिगरी राम निवासी भजलुई के घर सुबह आठ बजे के करीब अचानक आग की लपटें उठनी शुरू हो गईं। घटना के समय सारा परिवार घर पर ही मौजूद था। मकान को आग लगने के बाद परिवार के सदस्यों ने भागकर अपनी जान बचाई। प्रचंड आग को देखकर ग्रामीण भी मौके पर पहुंच गए। हालांकि, सुबह के समय जब मकान में आग लगी थी, तो उस समय अधिकांश ग्रामीण मेहनत-मजदूरी करने के लिए अपने घरों से अभी बाहर नहीं निकले थे अन्यथा बड़ी घटना हो सकती थी।
ग्रामीणों ने मौके पर पहुंच कर प्रचंड आग को बुझाने के लिए पानी और मिट्टी का इस्तेमाल किया और आग पर काबू पाने में जुट गए। लोगों ने दोपहर तक आग पर कड़ी मशक्कत के बाद काबू पाया। अग्निकांड में तीन मंजिला मकान के भीतर रखा सारा सामान और पास स्थित गोशाला भी आग की भेंट चढ़ गई। सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुंची राजस्व विभाग की टीम में पटवारी और कानूनगो ने नुकसान का जायजा लेने के बाद प्रभावित परिवार को 15 हजार रुपये की फौरी राहत सहित छह कंबल और एक तिरपाल दी है। हालांकि, आग लगने के कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है। नायब तहसीलदार धरवाला हंसराज रावत ने कहा कि बताया कि भजलुई में तीन मंजिला लकड़ी का मकान और गोशाला जल गई है। जबकि, मकान के साथ लगते एक रसोईघर को भी आंशिक नुकसान पहुंचा है।