प्रदेश के चंबा, कांगड़ा, किन्नौर, कुल्लू, मंडी, सिरमौर, शिमला और सोलन जिला के शीतकालीन स्कूलों में पांच दिसंबर से वार्षिक परीक्षाएं शुरू हो गई हैं। पहली से चौथी और छठी, सातवीं कक्षा की असेसमेंट आधार पर परीक्षाएं ली जा रही हैं। इन कक्षाओं में किसी भी विद्यार्थी को फेल नहीं किया जाता है। सभी केंद्रों में सुबह दस बजे से परीक्षा शुरू हुई।
विद्यार्थियों को प्रश्नपत्र पढ़ने के लिए 15 मिनट अतिरिक्त दिए गए। पहली और दूसरी कक्षा के छात्रों से हिंदी और अंग्रेजी विषय में ओरल रीडिंग करवाई गई। एक-एक कर छात्र को बुलाकर पाठ पढ़वाया गया। परीक्षाओं को सुचारु रूप से करवाने के लिए सभी जिला उपनिदेशकों को आदेश जारी कर दिए गए हैं।
प्रदेश के सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले लाखों विद्यार्थी यह परीक्षाएं दे रहे हैं। कक्षा पहली से चौथी की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन सीएचटी की देखरेख में कलस्टर स्तर पर होगा। छठी और सातवीं कक्षा की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन हाई स्कूलों में प्रिंसिपलों और हेड मास्टरों की देखरेख में होगा। प्रारंभिक शिक्षा उपनिदेशकों के माध्यम से प्रश्न पत्र मुहैया करवाए जाएंगे।