हिमाचल और आंध्र प्रदेश में ग्रीन एनर्जी प्रोजेक्ट के लिए जर्मन सरकार ने 125 मिलियन यूरो यानी 915 करोड़ रुपये भारत को लोन देने की सैद्धांतिक मंजूरी दी है।
इसमें से 57 मिलियन यूरो हिमाचल के खाते में आने थे, लेकिन ट्रांसमिशन लाइन की लागत उठाने को पावर ग्रिड कारपोरेशन तैयार नहीं है।
ट्रांसमिशन लाइन की वजह से विभाग ने परियोजना से हाथ खींच लिए हैं। हालांकि, सोलर प्रोजेक्ट के लिए 2500 हेक्टेयर भूमि चिह्नित कर ली गई थी। - राजेश, प्रभारी इंजीनियर हिम ऊर्जा