पुलिस को दी शिकायत में चक्कर निवासी नवजात की मां ने बताया कि वह कमला नेहरू अस्पताल शिमला में दाखिल थी। प्रसव के बाद अर्की इलाके की महिला ने बताया कि उसके बच्चे को पीलिया हुआ है और वह अस्पताल में इलाज करवा रही है। वह उससे किसी न किसी बहाने रोज मिलने आती। उसने दोस्ती कर ली और दोनों ने एक-दूसरे के मोबाइल नंबर भी लिए।
अस्पताल से छुट्टी होने के बाद आरोपी महिला मंगलवार सुबह चक्कर स्थित उनके घर पहुंच गई। इस बीच बच्चे की मां को नहाने जाना था। आरोपी महिला ने बच्चे का ध्यान रखने का आश्वासन दिया। जब वह नहा कर लौटी तो महिला और बच्चा गायब थे। उसने तुरंत परिजनों और थाना बालूगंज को सूचित किया।
पुलिस ने आरोपी महिला के मोबाइल नंबर पर कॉल कर बच्चे को सुरक्षित लौटाने को भी कहा। दोपहर एक बजे तक महिला शालाघाट पहुंच गई थी। पुलिस के बढ़ते दबाव को देखते हुए महिला ने बच्चे को रिश्तेदार केशवराम निवासी घुमारी (शालाघाट) के घर का ताला खोल वहां अकेले छोड़ दिया और खुद बालूगंज थाने पहुंच गई।
सूत्रों के अनुसार महिला को पता था कि केशवराम अपने घर की चाबी गमले के नीचे छिपाकर रखता था। इसी बीच जब केशव घर पहुंचा तो उसने बच्चे के रोने की आवाज सुनी। बच्चे के पैर पर अस्पताल का टैग लगा हुआ था जिसमें उसकी मां का नाम लिखा था। उसने अर्की पुलिस को सूचित किया।
पुलिस की एक टीम नवजात के माता-पिता को लेकर मौके पर पहुंची। दंपती ने बच्चे की पहचान कर ली है। बच्चा बरामद कर महिला को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस हर पहलू पर जांच कर रही है। - प्रवीर ठाकुर, एएसपी, शिमला सिटी