हिमाचल के ऊना में दुराचारी पिता को उम्रकैद की सजा सुनाई गई है। पिता को सजा दिलवाने में बेटे की गवाही महत्वपूर्ण रही। इस तरह से दुराचार की शिकार नाबालिग को इंसाफ मिला तो वही दोषी पिता को उसके कुकर्मों की सजा।
स्पेशल कोर्ट के न्यायाधीश सीएल कोछड़ ने बेटी से दुराचार के मामले में दोष साबित होने पर पिता को उम्र कैद ही सजा सुनाई। कलयुगी पिता ने उस समय पिछले वर्ष अपनी नाबालिग बेटी को हवस का शिकार बनाया जब वह घर पर अकेली थी।
अदालत ने दोषी को पोक्सो एक्ट की धारा छह के तहत उम्रकैद और दस हजार रुपये का जुर्माना अदा करने की सजा सुनाई है। जुर्माना अदा न करने की सूरत में दोषी को छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।