महिला थाने में छह माह में पहला मुकदमा दर्ज हुआ है। इसमें शिमला के एक उपनगर के कारोबारी पर महिला ने अश्लील वीडियो बनाने और दुराचार करने का संगीन आरोप लगाया है।
महिला का आरोप है कि आरोपी वीडियो को सार्वजनिक करने को लेकर धमकाता है। आरोपी कारोबारी भी शादीशुदा है। न्यू शिमला पुलिस थाने में आरोपी के खिलाफ दुराचार और जान से मारने की धमकी देने का मुकदमा दर्ज हुआ है। यह थाना 11 अगस्त 2014 को खुला था।
कारोबारी की महिला के साथ मुलाकात करीब तीन साल पहले हुई।
कार में लिफ्ट देकर फंसाया जाल में
महिला बस के इंतजार में खड़ी थी। उसी समय कारोबारी अपनी कार में वहां से गुजरा और उसने महिला को लिफ्ट दे दी। उसके बाद अकसर वह उसे कार में लिफ्ट देने लगा। दोनों के बीच मेलजोल बढ़ा। महिला कारोबारी के साथ घूमने में जाने लगी। कुछ समय बाद महिला को अहसास हुआ कि बच्चे बड़े हो रहे हैं और यह सब ठीक नहीं है।
इस पर उसने कारोबारी से मिलना छोड़ दिया। इसके बावजूद वह उसका पीछा करता। तंग आकर उसने कारोबारी की एक बार पुलिस में भी शिकायत की।
कारोबारी उसे धमकाने लगा कि अगर उसने मिलना छोड़ा तो वह वीडियो सार्वजनिक कर देगा। उसकी इच्छा के विरुद्ध कारोबारी ने उसके साथ दुराचार किया।
पैरवी के लिए आए थे दो बड़े कारोबारी
थाने में आरोपी की पैरवी करने के लिए शहर के दो बड़े कारोबारी पहुंचे थे। इन्होंने भी महिला को भरोसा दिलाया था कि आज के बाद वह कभी भी उससे संपर्क नहीं करेगा।
आरोपी ने भी अपनी गलती मान ली थी। महिला ने शिकायत वापस ले ली थी। आरोपी की उम्र करीब 46 साल बताई जा रही है।
मैंने नहीं देखा वीडियो: महिला
महिला ने कहा कि उसे कारोबारी ने वह अश्लील वीडियो नहीं दिखाया है जिसके दम पर वह ब्लैक मेलिंग कर रहा है। पुलिस का कहना है कि आरोपी को गिरफ्तार करने के बाद स्थिति साफ हो पाएगी। लिफ्ट लेने के बाद कारोबारी के संपर्क में आई थी।
एसपी डी डब्ल्यू नेगी ने कहा कि महिला पुलिस थाने में पहला केस दर्ज हुआ है। यह दुराचार का मामला है। इसकी तफ्तीश की जा रही है।