4300 करोड़ से ज्यादा के बहुचर्चित टेक्नोमैक घोटाले के मुख्य आरोपी एवं कंपनी के एमडी आरके शर्मा की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। कोर्ट के आदेश पर सीआईडी ने शर्मा के दिल्ली स्थित घर एवं आसपास के इलाकों में नोटिस चस्पां कर दिए हैं।
इसमें 22 जून तक कोर्ट में पेश होने को कहा गया है। इस मियाद में कोर्ट में पेश न होने पर उन्हें उद्घोषित अपराधी (पीओ) घोषित कर दिया जाएगा। साथ ही उनकी संपत्ति को कुर्क करने की प्रक्रिया भी शुरू हो जाएगी।
वर्ष 2016 में सीआईडी ने कर चोरी के अलावा फर्जी आरटीजीएस से बिजली बिल घोटाले के मामले दर्ज किए। दोनों मामलों की जांच सीआईडी की दो अलग-अलग टीमें कर रही हैं। अब तक 19 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
इनमें कंपनी अधिकारियों के अलावा स्क्रैप ठेकेदार, आबकारी एवं कराधान और बिजली बोर्ड के अधिकारी शामिल हैं। सीआईडी एमडी राकेश शर्मा तक नहीं पहुंच सकी। इस बीच दोनों टीमों ने कोर्ट में चालान पेश कर दिए।
केंद्रीय विदेश मंत्रालय से संपर्क कर शर्मा का पासपोर्ट भी निलंबित कराया गया। सारी कवायद के बाद जांच एजेंसी ने कोर्ट में उसके पकड़ में न आने की रिपोर्ट दे दी। अब कोर्ट ने 22 जून तक कोर्ट में पेश होने के नोटिस जारी कर दिए हैं।