स्थान तारादेवी। वक्त शनिवार रात के 1:35 बजे। नेशनल हाईवे-22 से सोलन से शिमला की ओर अपनी गाड़ी में आ रहे ठियोग रहीघाट (बलोआ) के राजन शर्मा जैसे ही तारादेवी क्रॉस कर आगे बढ़े, मोड़ पर सड़क के बीचोंबीच खड़े तेंदुए पर उनकी नजर पड़ी।
ब्रेक लगाने के बाद तेंदुए के सड़क से हटने का इंतजार करने लगे। लेकिन तेंदुआ सड़क पर खड़ा रहा।
इस डर से कि कहीं तेंदुआ गाड़ी की ओर न बढ़े, राजन ने गाड़ी की लाइटें बंद कर दीं। 1:40 बज चुके हैं।
शिमला की तरफ से एक मारुति 800 मोड़ पर पहुंची। सड़क पर तेंदुआ देख यह गाड़ी भी रुक गई।
एक-एक कर सड़क के दोनों ओर वाहनों की कतार लग गई। सड़क पर तेंदुए को देखहर हर कोई हक्का-बक्का रह गया।
पैरापिट पर ही बैठ गया
लोगों ने गाड़ियों की लाइट बंद कर दीं और बिना आहट किए तेंदुए के सड़क से हटने का इंतजार करने लगे। 1:45 बजे तेंदुआ टहलते हुए सड़क से हटकर पैरापिट पर चढ़ गया और आगे पीछे घूमने लगा।
तेंदुए को देखकर आतंकित वाहन चालकों की गाड़ी आगे बढ़ाने की हिम्मत नहीं हुई। 1:50 बजे पैरापिट पर आगे-पीछे घूमने के बाद तेंदुआ पैरापिट पर ही बैठ गया।
ठियोग के राजन शर्मा ने गाड़ी आगे बढ़ाई, तो उनकी गाड़ी की लाइटें सीधे तेंदुए पर पड़ी।
राजन ने तेंदुए की तस्वीर अपने मोबाइल में कैद कर ली। कुछ देर बैठे रहने के बाद तेंदुए ने पैरापिट से जंगल की ओर छलांग लगा दी।
तेंदुए के आंखों से ओझल होने के बाद लोगों ने राहत की सांस ली।
सीएम आवास के पास पिंजरा लगाया
राजधानी के बीचोंबीच दिन के उजाले में तेंदुआ विधानसभा तक पहुंच चुका है। बीते दिनों तेंदुआ सुबह करीब साढ़े नौ बजे विधानसभा के नीचे सड़क पर उछलकूद कर पुलिस के पसीने निकाल चुका है।
शोरशराबे के बाद तेंदुआ रेलवे ट्रैक की ओर कूद गया। जाखू में बार-बार तेंदुआ दिखाई देने के बाद लोगों की मांग पर वन विभाग ने होलीलॉज के पास पिंजरा लगाया है। बीते दिनों यहां तेंदुए ने एक पिल्ले को अपना शिकार बनाया था।
शहर के आसपास दिखता है तेंदुअा
शहर के आसपास अकसर तेंदुआ देखा गया है। रेलवे स्टेशन, संजौली, ढली, भराड़ी, केलटी, कलस्टन, समरहिल, बालूगंज और चक्कर में स्थानीय लोगों ने कई बार तेंदुआ देखा है।