कुल्लू में एक व्यक्ति को चरस की तस्करी करना महंगा पड़ गया। अतिरिक्त सेशन जज जिया लाल आजाद की अदालत ने एक चरस तस्करी के मामले में आरोपी को दोषी करार देते हुए दस साल कठोर कारावास सजा का फैसला सुनाया है।
कोर्ट ने एक लाख रुपये जुर्माना भरने के आदेश दिए हैं। जुर्माना न भरने पर एक साल सजा होगी। आरोपी को घारटगढ़ नाल में डेढ़ किलो चरस के साथ दबोचा था। जानकारी के अनुसार एक अप्रैल 2016 को एएसआई चमन लाल अन्य पुलिस जवानों के साथ घारटगढ़ नाल में गश्त पर थे।
रात्रि करीब साढ़े 12 बजे घारट गढ़ की तरफ से एक व्यक्ति पैदल आता हुआ पुलिस दल को दिखाई दिया। पुलिस वाहन के समीप पहुंचते ही उक्त व्यक्ति वापस मुड़ गया और भागना शुरू कर दिया। कुछ ही दूरी पर पुलिस ने उक्त व्यक्ति को दबोच लिया।
आरोपी ने पिट्ठू बैग पहना हुआ था। जिससे डेढ़ किलो चरस बरामद की गई। इस संबंध में पुलिस थाना में मामला दर्ज किया गया है। सभी प्रकार की औपचारिकताओं के बाद चालान कोर्ट में पेश किया गया।
दोनों पक्षों की दलीलों और गवाहों के बयान सुनने के बाद कोर्ट ने आरोपी छापे राम पुत्र हिमतरू राम निवासी गलूं डाकघर देउठा तहसील बंजार जिला कुल्लू को कोर्ट ने दस साल कठोर कारावास की सजा सुनाई और एक लाख रुपये जुर्माना भरने के आदेश दिए।
इधर, जिला उप न्यायवादी कुल्लू पंकज धीमान ने कोर्ट से सजा का फैसला सुनाने की पुष्टि की है। बताया कि मामले में छह गवाहों को पेश किया गया है।