पिछले तीन सालों से अड्डा जमाए बैठी एक नामी कंपनी निवेशकों के करोड़ों रुपये डकार कर फरार हो गई है। मामला हिमाचल के हमीरपुर जिले का है। गांधी चौक स्थित कंपनी के कार्यालय में ताला लटका हुआ है। कंपनी स्टाफ के फरार होने के बाद हजारों निवेशकों
के हाथ-पांव फूल गए हैं। कंपनी ने एफडी और आरडी के नाम पर करोड़ों रुपये जुटा लिए और जब इनके मैच्योर होने का समय आया तो फरार हो गए। कंपनी कार्यालय में ताला देख निवेशकों ने हमीरपुर थाने में शिकायत दर्ज करवाई है।
कंपनी ने वर्ष 2013 में हमीरपुर शहर में शाखा खोली थी। इस दौरान सूबे के सभी निवेशकों ने अपने खाते हमीरपुर शाखा में ट्रांसफर करवा लिए। इस दौरान कंपनी ने हजारों नए इन्वेस्टर भी जोड़ लिए। पीडि़त कौल सिंह, प्रवीन कुमार, राजेश कुमार, प्यारो देवी, बाबू
राम, बलविंद्र, रेखा कुमारी, संतोष कुमार, अनिता कुमारी आदि का कहना है कि हजारों लोगों ने कंपनी में करीब तीन से चार हजार करोड़ रुपये की एफडी और आरडी करवा रखी थी। इससे पहले एफडी और आरडी मैच्योर होती, कंपनी कार्यालय बंद कर फरार हो गई है। बता दें कि कंपनी देश के अधिकतर राज्यों में पहले ही शाखाएं बंद कर चुकी है।