शिमला। हाईकोर्ट ने डीसी कांगड़ा को पठानकोट चक्की-मंडी राष्ट्रीय राजमार्ग के साथ महाल रौड़ी मौजा खलेट, तहसील पालमपुर में बनाए जा रहे अवैध शॉपिंग मॉल को गिरने के आदेश दिए हैं। कोर्ट ने इस मॉल को गिराने का खर्च इसके मालिक ओंकार राणा से वसूलने को कहा है। कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश संजय करोल और न्यायाधीश अजय मोहन गोयल की खंडपीठ ने राजेश कुमार सूद की ओर से नॉदर्न रेलवे की जमीन पर बनाए जा रहे इस अवैध निर्माण के खिलाफ दायर याचिका की सुनवाई के दौरान यह आदेश पारित किए।
इससे पहले कोर्ट ने रेलवे अधिकारियों को प्रदेश के तीनों रेलवे ट्रैकों का निरीक्षण की स्टेटस रिपोर्ट दायर करने के आदेश दिए थे। यह निरीक्षण कालका शिमला, पठानकोट जोगिंदर नगर और नंगल- तलवाड़ा रेलवे ट्रैक के रखरखाव और इन पर अतिक्रमण के बारे में किया जाना था। कोर्ट ने रेलवे अधिकारियों की ओर से दायर स्टेटस रिपोर्ट पर नाखुशी जाहिर करते हुए टिप्पणी की कि या तो अधिकारियों को कोर्ट के आदेश समझ नहीं आए या फिर अवैध कब्जाधारियों को बचाने की कोशिश की जा रही है। कोर्ट ने रिपोर्ट का अवलोकन कर पाया कि केवल शिमला से जतोग तक रेलवे की भूमि पर 18 अतिक्रमण और अवैध निर्माण पाए गए, जबकि बाकी 96 किलोमीटर के ट्रैक की कोई पुख्ता जानकारी रेलवे अधिकारियों ने नहीं दी। कोर्ट ने रेलवे के संबंधित अधिकारियों को 31 जुलाई को कोर्ट में उपस्थित रहने के आदेश भी दिए।
नूरपुर कब्रिस्तान में निर्माण कार्य पर रोक
शिमला। हाईकोर्ट ने नूरपुर स्थित कब्रिस्तान की भूमि पर निर्माण करने के मामले में स्वत: संज्ञान लेते हुए कब्रिस्तान की भूमि पर किसी भी तरह का निर्माण नहीं करने के आदेश दिए हैं। कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश संजय करोल और न्यायाधीश अजय मोहन गोयल की खंडपीठ ने एसडीएम नूरपुर को आदेश दिए हैं कि वह उस स्थल का निरीक्षण करें, जिस स्थल पर कथित तौर पर कब्रिस्तान पर निर्माण किया जा रहा है। इसके अलावा कब्रिस्तान की भूमि को प्रोटेक्ट करने का जिम्मा एसडीएम को सौंपा है। पहली अगस्त तक शपथ पत्र न्यायालय के समक्ष दायर करने के आदेश भी दिए गए हैं।