हमीरपुर जिले के उपमंडल बड़सर के बिझड़ी ब्लॉक में कोरोना पॉजिटिव केस आने के बाद जिला प्रशासन ने पंचायत के तीन किलोमीटर क्षेत्र को कंटेनमेंट जोन घोषित कर सील कर दिया है। क्षेत्र में लॉकडाउन के दौरान मिलने वाली छूट रद्द कर दी गई है। हॉटस्पॉट क्षेत्र में बिना अनुमति कोई वाहन प्रवेश या बाहर नहीं जाएगा। कोई भी व्यापारिक प्रतिष्ठान नहीं खुलेगा। लोगों को घर-द्वार आवश्यक सामग्री उपलब्ध करवाई जाएगी।
इससे पूर्व 17 अप्रैल को हमीरपुर में प्रवासी ठेकेदार की पत्नी और एक निजी स्कूल प्रिंसिपल कोरोना संक्रमित पाया गया था। एक मई को दोनों की जांच रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद हमीरपुर जिले को कोरोना मुक्त घोषित किया था। एक हफ्ते बाद कोरोना का मामला सामने आने के बाद जिले में फिर से संकट के बादल मंडराने लगे हैं।
इसके अतिरिक्त सभी एसडीएम प्रतिदिन 10 पंचायतों का निरीक्षण कर गृह एवं संस्थागत संगरोध केंद्रों में उपलब्ध सुविधाओं और इनसे जुड़े विभिन्न मामलों पर स्थानीय निगरानी दलों के साथ चर्चा कर इन्हें हल करेंगे। जिन परिवारों के पास घर में एक-दो कमरे हैं और संगरोध में परेशानी हो रही है, ऐसे लोग स्वयं या पंचायत व प्रशासन की सहायता से स्कूलों में स्थापित संगरोध केंद्रों में जा सकते हैं।
वहां उन्हें आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध करवाई जा रही हैं। जिले में 12 हजार से अधिक व्यक्ति हाल ही में बाहरी राज्यों से पहुंचे हैं। इन लोगों की ग्रुप सैंपलिंग के पुख्ता प्रबंध किए गए हैं। सभी छह स्वास्थ्य खंडों में विशेष सैंपल कलेक्शन वाहनों से प्रतिदिन कम से कम 50 नमूने प्रति ब्लॉक लेने का लक्ष्य रखा है। पंचायतों में ठीकरी पहरा लगाने वाले स्वयंसेवियों को भी सतर्क किया गया है।
उपायुक्त हरिकेश मीणा ने कहा कि रेड जोन या हॉटस्पॉट से लौटे व्यक्तियों के परिजनों को भी घर में ही रहना होगा। उन्हें कार्य स्थल या अन्य जगह न आने के निर्देश दिए गए हैं। दुकानदारों को निर्देश दिए हैं कि वे ग्राहकों से उनके यात्रा विवरण के बारे में जरूर पूछें और तभी सामान बेचें।