स्मार्ट सिटी मिशन के तहत ऑकलैंड से लक्कड़ बाजार पुलिस चौकी तक बननी है लिफ्ट, वर्ष 2021 में शुरू हुआ काम अभी तक अधूरा
छह करोड़ से हो रहा लिफ्ट का निर्माण, दोबारा टेंडर आमंत्रित
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। राजधानी के लक्कड़ बाजार में पांच साल से लिफ्ट का काम लटका रही ठेकेदार कंपनी को आखिरकार बाहर करने का फैसला ले लिया गया है। इसे ब्लैक लिस्ट करते हुए रोपवे कार्पोरेशन ने इस पर 21 लाख रुपये की पेनल्टी भी लगा दी है।
लिफ्ट का काम पूरा करने के लिए अब दोबारा टेंडर आमंत्रित किया है। स्मार्ट सिटी मिशन के तहत ऑकलैंड टनल से लक्कड़ बाजार पुलिस चौकी तक करीब 30 मीटर ऊंची लिफ्ट का निर्माण होना है। इसके लिए साल 2021 में करीब छह करोड़ रुपये जारी किए जा चुके हैं। रोपवे कार्पोरेशन ने टेंडर प्रक्रिया कर एक नामी कंपनी को इसके निर्माण का जिम्मा सौंपा था। कंपनी ने पहले तो निर्माण शुरू किया लेकिन फिर इसका डिजाइन बदलने के कारण काम लटक गया। नए डिजाइन के बाद कंपनी ने फिर मौके पर काम शुरू किया लेकिन बाद में इसे भी रोक दिया। कार्पोरेशन के बार-बार कहने के बावजूद ठेकेदार कंपनी ने काम पूरा नहीं किया। साल 2023 तक इस लिफ्ट का कार्य पूरा किया जाना था लेकिन 2026 तक मौके पर लिफ्ट के नाम पर सिर्फ लोहे का ढांचा खड़ा है। यह लोहा अब जंग खा रहा है। स्थानीय पार्षद के अलावा लोग भी इसके काम पर सवाल उठा रहे हैं। रोपवे कार्पोरेशन ने कंपनी को ब्लैक लिस्ट करते हुए इसे पेनल्टी लगा दी है।
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हजारों लोगों को होना है लिफ्ट से फायदा
लिफ्ट के बनने से हजारों लोगों को फायदा होगा। ऑकलैंड के पास बस से उतरने वाले लोग लिफ्ट से सीधे लक्कड़ बाजार पुलिस चौकी के पास पहुंच जाएंगे। इससे आईजीएमसी अस्पताल आने वाले मरीजों और स्कूली छात्रों को भी फायदा होगा। रोपवे कार्पोरेशन ने इसका काम पूरा करने के लिए अब दोबारा टेंडर किया है। दावा किया जा रहा है कि फरवरी से इसका कार्य शुरू कर दिया जाएगा। जून तक इसका काम पूरा करने का टारगेट रखा है।
नया ठेकेदार करेगा अब काम
लक्कड़ बाजार लिफ्ट का निर्माण कार्य लटका रही कंपनी को बाहर कर दिया गया है। काम न करने पर यह ब्लैक लिस्ट हो गई है। शहर की जनता को जल्द लिफ्ट की सुविधा मिले, इसके लिए बचे हुए काम का दोबारा टेंडर किया गया है। जल्द ही इसे पूरा किया जाएगा।
-रोहित ठाकुर, सीजीएम, रोपवे कार्पोरेशन