हिमाचल के पहाड़ी क्षेत्रों में पिछले पांच दिन से हिमपात हो रहा है। राजधानी शिमला, पर्यटन नगरी मनाली और डलहौजी में शनिवार को बारिश-बर्फबारी हुई है। राजधानी शिमला में 1990 के बाद मार्च में सबसे कम न्यूनतम तापमान का रिकॉर्ड भी टूट गया है।
शुक्रवार रात को शहर का न्यूनतम तापमान -0.1 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। इससे पूर्व 1990 में मार्च महीने के दौरान न्यूनतम तापमान -0.2 डिग्री रिकॉर्ड किया गया था। बीते दो दिनों के दौरान शिमला में 20 सेंटीमीटर बर्फबारी रिकॉर्ड की गई।
वहीं, राजधानी शिमला में कभी धूप खिल रही और तो कभी बर्फ के फाहे गिर रहे हैं। बीच- बीच में ओलावृष्टि भी हो रही है। फाल्गुन में पिछले एक हफ्ते से मौसम खराब चल रहा है।
सूबे में शीतलहर भी तेज हो गई है। मौसम विभाग के अनुसार रविवार को प्रदेश के कुछ इलाकों में मौसम खराब रहेगा। 13 से 17 मार्च तक मौसम साफ रहेगा। रंगों के त्योहार होली पर भी धूप खिली रहेगी।
मार्च में 1990 के बाद शुक्रवार को रही सबसे सर्द रात , - 0.1 डिग्री रिकॉर्ड किया तापमान
प्रसिद्ध पर्यटन स्थल रोहतांग दर्रा में शनिवार को 20 सेंटीमीटर, सोलंगनाला में 10, कोकसर में 8, जलोड़ी, केलांग, उदयपुर और दारचा में भी पांच-पांच सेंटीमीटर बर्फबारी रिकार्ड की गई। पर्यटन नगरी मनाली और आसपास के क्षेत्रों में भी बर्फबारी हुई। घाटी में नेशनल हाईवे 305 के अलावा आधा दर्जन के करीब ग्रामीण मार्ग ठप चल रहे हैं।
चंबा-पठानकोट एनएच पर भी चाहला में भूस्खलन से आवाजाही ठप रही। किन्नौर में हिमपात के अधिकतर ग्रामीण रूटों पर निगम की बसों की आवाजाही प्रभावित रही। चंबा के ऊपरी क्षेत्र पांगी, भरमौर, होली, तीसा व सलूणी सहित पर्यटन स्थल डलहौजी और खजियार में भी जमकर हिमपात हुआ है। ताजा हिमपात के चलते रोहतांग, लाहौल, होली-पांगी, नौहराधार और कमरूनाग-शिकारी देवी का अन्य क्षेत्रों से संपर्क कट गया है। नाहन शहर में ओलावृष्टि हुई है।
न्यूनतम तापमान
केलांग -5.1
कल्पा -4.1
मनाली -0.6
नाहन 4.0
सोलन 3.8
धर्मशाला 6.6