शिमला के बहुचर्चित युग गुप्ता अपहरण और हत्याकांड की जांच कर रही सीआईडी सोमवार को चार्जशीट दाखिल कर सकती है। जांच एजेंसी ने मामले की पड़ताल के बाद चार्जशीट तैयार कर ली है। अधिकारी डीएनए रिपोर्ट का इंतजार कर रहे थे लेकिन रिपोर्ट आने में अभी समय लगेगा।
लिहाजा, अफसरों ने चार्जशीट दाखिल करने का निर्णय लिया है। डीआईजी सीआईडी वीके धवन ने कहा कि डीएनए रिपोर्ट आने पर उसे सप्लीमेंट्री चार्जशीट के साथ फाइल कर दिया जाएगा। धवन ने बताया कि इस घटना से जुड़े हर पहलू पर बारीकी के साथ काम कर तथ्यों को संकलित किया जा चुका है।
ऐसे में चार्जशीट को सिर्फ डीएनए रिपोर्ट के लिए रोकना उचित नहीं होगा। डीएनए रिपोर्ट आने पर सप्लीमेंट्री चार्जशीट फाइल की जाएगी। बता दें, दो साल पहले चार साल का मासूम युग गुप्ता घर के नजदीक से संदिग्ध हालात में गायब हो गया था।
इस मामले की जांच के दौरान सीआईडी ने चंद्र शर्मा, तेजेंद्र सिंह को मासूम के अपहरण और हत्या व एक अन्य को उनका साथ देने के आरोप में गिरफ्तार किया था। खास बात यह है कि जांच के दौरान सीआईडी को आरोपियों के पास से एक फोन मिला था जिसके डाटा को रिकवर करने के दौरान युग के अपहरण के बाद दी गई यातनाओं की वीडियो व फोटो मिली थी। फिलहाल तीनों आरोपी जेल में हैं।