बोर्ड अध्यक्ष, सचिव सहित बोर्ड के उच्च अधिकारी अपने मोबाइल पर भी केंद्र की गतिविधियां जान सकेंगे। सरकार से आर्थिक सहायता के लिए बोर्ड को प्रोजेक्ट भेजा है। यदि सरकार से इसे हरी झंडी मिलती है, तो यह देश का पहला शिक्षा बोर्ड होगा, जो उच्च तकनीक से नकल रोकने के लिए काम करेगा।
शिक्षा मंत्री सुरेश भारद्वाज ने कहा कि स्कूल शिक्षा बोर्ड से नकल रोकने के लिए प्रोजेक्ट मिला है। बोर्ड के प्रोजेक्ट के लिए बजट का प्रावधान करने के लिए केंद्र से भी मांग करेंगे
प्रोजेक्ट के लिए अपना सॉफ्टवेयर तैयार होगा। परीक्षा केंद्र में सीसीटीवी कैमरा और माइक का पूरा डाटा लीज लाइन या फिर ब्रॉडबैंड से सॉफ्टवेयर तक पहुंचेगा।
इसके बाद शिक्षा बोर्ड के कंट्रोल रूम के स्क्रीन वॉल पर पूरा डाटा जाएगा। इसमें सबसे अहम बात यह है कि सीसीटीवी कैमरे की लो क्वालिटी होने पर भी सॉफ्टवेयर से उसे बढ़ाकर स्क्रीन वॉल पर साफ देखा जा सकेगा।