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छात्रवृत्ति घोटाले में सीबीआई ने हैदराबाद से जब्त किया रिकॉर्ड

Thu, 18 Jul 2019 11:29 AM IST
Krishan Singh न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
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250 करोड़ के छात्रवृत्ति घोटाले में सीबीआई ने शिक्षा विभाग के एचपी ई-पास वेब पोर्टल के हैदराबाद स्थित संस्थान में दबिश देकर रिकॉर्ड तलब कर लिया है। सीबीआई की टीम ने यहां से प्रदेश में छात्रवृत्ति के लिए होने वाले आवेदन का पूरा रिकॉर्ड कब्जे में लिया है। 

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सीबीआई की कार्रवाई से संस्थान में हड़कंप मच गया है। इस दौरान केंद्र सरकार से मान्यता प्राप्त संस्थान के अधिकारियों से पूछताछ भी की गई है। इसमें अभी तक के सभी आवेदकों के नाम समेत उन्हें मिलने वाली छात्रवृत्ति का पूरा ब्योरा दर्ज है।

सीबीआई ने सीडी में इस रिकॉर्ड को लिया है। अब इस रिकॉर्ड को निजी शिक्षण संस्थानों से लिए गए रिकॉर्ड से मिलान किया जाएगा, जिससे यह पता चल सके कि कहीं निजी शिक्षण संस्थानों ने किसी तरह के दस्तावेजों से छेड़छाड़ कर छिपाने की कोशिश तो नहीं की है।

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90 लाख से बने पोर्टल की खामियों से हुआ था घोटाला

 यहां से ही शिक्षा विभाग ने करीब 90 लाख रुपये से यह वेबपोर्टल तैयार किया था। लेकिन इसी वैब पोर्टल की खामियों के कारण प्रदेश के लाखों बच्चों को मिलने वाली छात्रवृत्ति को निजी शिक्षण संस्थानों ने हड़प लिया।

इसमें एक ही नंबर और खाता नंबर से कई बच्चों की छात्रवृत्ति हासिल कर ली गई थी, जबकि लाखों के वेबपोर्टल में इस फर्जीवाड़े को रोकने के लिए कोई पुख्ता सुरक्षा मुहैया नहीं करवाई गई थी। हैदराबाद का ‘सेंटर फॉर गुड गर्वनेंस’ नाम का यह संस्थान देश भर विभागों के लिए सॉफ्टवेयर तैयार करता है।
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बहुचर्चित छात्रवृत्ति घोटाले में गिरफ्तारियां जल्द

 बहुचर्चित छात्रवृत्ति घोटाले में बहुत जल्द गिरफ्तारियां हो सकती हैं। करीब 250 करोड़ रुपये के इस घोटाले में सीबीआई को ठोस सबूत मिले हैं। जल्दी ही दस्तावेज देखे बगैर बजट जारी करने वाले अधिकारी टंग सकते हैं। दूसरी ओर शिक्षा विभाग और बैंकों के कई अधिकारियों तथा कर्मचारियों को सरकारी गवाह बनाने की भी तैयारी है।

सीबीआई सूत्रों ने बताया कि छात्रवृत्ति घोटाले में बहुत जल्दी बड़ी कार्रवाई की जा सकती है। इसमें ऐसे लोगों की सूची बनाई जा रही है, जिनकी इस घोटाले में सीधी संलिप्तता रही है। ऐसे लोगों के बारे में कई गंभीर सबूत भी जुटाए गए हैं। 
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